सीजी भास्कर, 04 मई । बिलासपुर में इन दिनों खनन गतिविधियों को लेकर चर्चा तेज हो गई है। अलग अलग इलाकों में जांच के बाद हुई कार्रवाई की खबर जैसे ही सामने आई, लोगों के बीच यह मुद्दा चर्चा का विषय बन गया। कई जगहों पर लोग यह भी पूछते नजर आए कि आखिर प्रशासन अब कितनी सख्ती दिखा रहा है।
जिले में अधिकारियों की सक्रियता बढ़ने के संकेत भी साफ दिख (Illegal Mining) रहे हैं। लगातार निरीक्षण और कार्रवाई की खबरों से यह साफ है कि अब इस पर नजर और कड़ी हो गई है। माहौल ऐसा बन गया है कि अवैध काम करने वालों में भी चिंता देखी जा रही है।
24 मामलों में हुई कार्रवाई (Illegal Mining)
कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देश पर खनिज विभाग ने अवैध मिट्टी उत्खनन और परिवहन के खिलाफ सख्त कदम उठाए हैं। वित्तीय वर्ष 2025 26 में कुल 24 प्रकरण दर्ज किए गए हैं। इन मामलों में 9 लाख 27 हजार 663 रुपये की राशि वसूली गई है, जिसे खनिज मद में जमा कराया गया।
उत्खनन और परिवहन दोनों पर कार्रवाई (Illegal Mining)
जानकारी के अनुसार अवैध उत्खनन के 8 मामलों में करीब 6 लाख 50 हजार 783 रुपये की वसूली की गई। वहीं अवैध परिवहन के 16 मामलों में 2 लाख 76 हजार 880 रुपये की राशि वसूल की गई है।
नियमित जांच अभियान जारी
जिले में अवैध खनन गतिविधियों पर नियंत्रण के लिए लगातार जांच और निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। अधिकारियों की टीम अलग अलग क्षेत्रों में जाकर निगरानी कर रही है और शिकायत मिलने पर तुरंत कार्रवाई की जा रही है।
स्वीकृत पट्टों की स्थिति
जिले में मिट्टी ईंट के लिए कुल 29 उत्खनन पट्टे स्वीकृत (Illegal Mining) हैं, जिनमें से कुछ वर्तमान में सक्रिय नहीं हैं। शेष इकाइयों में नियमों के अनुसार संचालन और पर्यावरणीय अनुमति का पालन सुनिश्चित कराया जा रहा है।
निगरानी और सख्ती जारी
खनिज विभाग ने साफ किया है कि अवैध गतिविधियों पर नजर बनाए रखी जाएगी और आगे भी कार्रवाई जारी रहेगी। प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और राजस्व हानि रोकने के लिए निगरानी व्यवस्था को और मजबूत किया जा रहा है।


