सीजी भास्कर, 09 जनवरी। देश में लगातार बढ़ रहे सड़क हादसों को देखते हुए केंद्र सरकार ने राहत और सुरक्षा से जुड़ी बड़ी पहल की दिशा में कदम बढ़ाया है। सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी ने संकेत (Road Accident Scheme India) दिए हैं कि जल्द ही सड़क दुर्घटनाओं में घायल लोगों के लिए कैशलेस मेडिकल ट्रीटमेंट योजना लागू की जाएगी, जिससे इलाज के दौरान आर्थिक चिंता नहीं रहेगी।
प्रस्तावित योजना के तहत सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को कम से कम सात दिनों तक 1.5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज उपलब्ध कराया जाएगा। यह सुविधा देशभर में लागू करने की तैयारी की जा रही है।
मददगार बने तो मिलेगा 25 हजार का प्रोत्साहन
सरकार ने हादसे के बाद मानवीय सहायता को बढ़ावा देने के लिए एक और अहम फैसला लिया है। किसी भी सड़क दुर्घटना में घायल व्यक्ति को समय पर अस्पताल पहुंचाने वाले व्यक्ति को 25 हजार रुपये की प्रोत्साहन (Road Accident Scheme India) राशि दी जाएगी। ऐसे मददगार नागरिकों को सरकार की ओर से ‘राहवीर’ की संज्ञा दी जाएगी।
यह योजना पहले ही उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब और चंडीगढ़ जैसे राज्यों में पायलट प्रोजेक्ट के रूप में लागू की जा चुकी है, जहां इसके सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं।
टेक्नोलॉजी से घटेंगे हादसे
नितिन गडकरी ने बताया कि सरकार वाहन-से-वाहन (V2V) संचार तकनीक को लागू करने की दिशा में काम कर रही है। इस तकनीक के जरिए वाहन एक-दूसरे से संवाद कर सकेंगे, जिससे ड्राइवर को आसपास की स्थिति, गति और संभावित खतरे की जानकारी पहले ही मिल सकेगी।
आंकड़े जो चिंता बढ़ाते हैं
हर साल देश में करीब 5 लाख सड़क दुर्घटनाएं
लगभग 1.8 लाख लोगों की मौत
मरने वालों में बड़ी संख्या युवाओं की
गलत ड्राइविंग और इंजीनियरिंग खामियां प्रमुख कारण
कानून में बदलाव की तैयारी
केंद्रीय मंत्री ने यह भी संकेत दिया कि आगामी बजट सत्र में मोटर वाहन अधिनियम में संशोधन लाया (Road Accident Scheme India) जा सकता है। प्रस्तावित बदलावों का उद्देश्य सड़क सुरक्षा को मजबूत करना, यातायात नियमों को सख्ती से लागू करना और भारत की सड़क व्यवस्था को वैश्विक मानकों के अनुरूप बनाना है।
इसके साथ ही बसों और यात्री वाहनों की सुरक्षा, उन्नत ड्राइवर सहायता प्रणाली (ADAS) और यातायात उल्लंघनों की निगरानी से जुड़े प्रस्तावों पर भी गंभीर मंथन चल रहा है।


