सीजी भास्कर, 16 जनवरी। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने जशपुर (Jashpur Development News) जिले के प्रवास के दौरान विकास की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल करते हुए जिले को 122 करोड़ रुपये से अधिक के विकास कार्यों की सौगात दी। स्वास्थ्य, अधोसंरचना, जनकल्याण और सामाजिक उत्थान से जुड़े इन कार्यों के लोकार्पण एवं भूमिपूजन के साथ ही मुख्यमंत्री ने उज्ज्वला गैस योजना के तहत 2 हजार से अधिक महिलाओं को घरेलू गैस कनेक्शन प्रदान किए, जिससे ग्रामीण और वनांचल क्षेत्र की महिलाओं को धुएं से मुक्ति और बेहतर स्वास्थ्य का भरोसा मिला है।
मुख्यमंत्री ने विकासखंड बगीचा (Jashpur Development News) में लगभग 2.43 करोड़ रुपये की लागत से निर्मित 30 बिस्तरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का लोकार्पण किया। उन्होंने इस स्वास्थ्य केंद्र को वनांचल क्षेत्र और विशेष पिछड़ी जनजाति पहाड़ी कोरवा सहित लगभग दो लाख की आबादी के लिए जीवनरेखा बताया। इस आधुनिक स्वास्थ्य केंद्र में जनरल सर्जरी, ईएनटी, शिशु रोग, अस्थि रोग और स्त्री रोग जैसी विशेषज्ञ सेवाओं के साथ आधुनिक लैब जांच की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। इसके सुचारु संचालन के लिए 100 मेडिकल और पैरामेडिकल स्टाफ की स्वीकृति दी जा चुकी है, जिससे अब गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए ग्रामीणों को दूरस्थ शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा।
मेगा हेल्थ कैंप से हजारों को मिला लाभ
इसी परिसर में मुख्यमंत्री (Jashpur Development News) ने मेगा हेल्थ कैंप का शुभारंभ भी किया, जहां न्यूरोलॉजी, नेफ्रोलॉजी, हड्डी रोग, स्त्री रोग, ईएनटी और प्लास्टिक सर्जरी जैसे सुपर स्पेशलिटी विभागों के डॉक्टरों ने हजारों लोगों की जांच की। इस दौरान आवश्यक लैब टेस्ट और निःशुल्क दवाओं का वितरण किया गया, जबकि गंभीर रोगियों को उच्च स्तरीय अस्पतालों में रेफर करने की व्यवस्था भी सुनिश्चित की गई। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता यह है कि दूरस्थ और वनांचल क्षेत्रों तक भी गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचे। इसी उद्देश्य से जशपुर में मेडिकल कॉलेज, नर्सिंग कॉलेज, फिजियोथेरेपी कॉलेज और प्राकृतिक चिकित्सा केंद्र की स्थापना की दिशा में कार्य किया जा रहा है।
उज्ज्वला महोत्सव में महिलाओं को मिला सम्मान
बगीचा में आयोजित उज्ज्वला महोत्सव के दौरान मुख्यमंत्री ने 2 हजार से अधिक महिलाओं को घरेलू गैस कनेक्शन वितरित किए। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उज्ज्वला योजना ने महिलाओं को धुएं से मुक्ति, स्वास्थ्य सुरक्षा और आत्मसम्मान प्रदान किया है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने मुद्रा योजना के अंतर्गत युवाओं को स्वरोजगार प्रारंभ करने के लिए ऋण के चेक भी वितरित किए।
मुख्यमंत्री ने बगीचा क्षेत्र में आत्मानंद स्कूल में अतिरिक्त कक्ष निर्माण, बगीचा–बिंदे मार्ग पर पुल, कन्हर नदी पर पुल और बगीचा रेस्ट हाउस के उन्नयन की घोषणा भी की, जिससे शिक्षा, आवागमन और प्रशासनिक सुविधाओं में सुधार होगा।
46 विकास कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन
उज्ज्वला महोत्सव के दौरान मुख्यमंत्री ने 110.47 करोड़ रुपये की लागत से 46 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। इनमें 3.34 करोड़ रुपये के 9 कार्यों का लोकार्पण और 107.13 करोड़ रुपये के 37 कार्यों का भूमिपूजन शामिल है। प्रमुख कार्यों में पोड़ीखुर्द–सुलेशा दनगरी घाट सड़क, पंडरापाठ सन्ना आर्चरी अकादमी परिसर, घेरडेवा नदी पर उच्च स्तरीय पुल, बगीचा–बतौली मार्ग पर पुल, केरापाठ–गायबुड़ा सड़क और कई ग्रामीण संपर्क मार्ग शामिल हैं, जो क्षेत्र की कनेक्टिविटी और आर्थिक गतिविधियों को नई गति देंगे।
फरसाबहार और पमशाला में भी विकास की सौगात
फरसाबहार विकासखंड के ग्राम पमशाला में आयोजित अखिल भारतीय कंवर समाज के वार्षिक सम्मेलन में मुख्यमंत्री ने 12.22 करोड़ रुपये की लागत से 12 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। इनमें उच्च स्तरीय पुल, ग्रामीण सड़कें, सामाजिक भवन, स्कूल सौंदर्यीकरण, मंदिर पहुंच मार्ग, छात्रावास और एसडीएम कार्यालय भवन शामिल हैं। इसके साथ ही ईब नदी पर एनीकट के लिए 39 लाख रुपये, ढुरूडाड़ में कंवर समाज भवन के लिए 25 लाख रुपये और पोंगराबहार में सामाजिक भवन के लिए 20 लाख रुपये की अतिरिक्त घोषणाएं भी की गईं।
विकास अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने का संकल्प
मुख्यमंत्री ने बगीचा में 1 करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन मंगल भवन का निरीक्षण भी किया, जहां विशाल हॉल, स्टेज, कक्ष, पार्किंग और आधुनिक सुविधाओं का विकास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प है कि अंतिम व्यक्ति तक सुविधा पहुंचे और बस्तर व सरगुजा जैसे दूरस्थ अंचल भी विकास की मुख्यधारा में मजबूती से आगे बढ़ें।
इन कार्यक्रमों में मुख्यमंत्री (Jashpur Development News) की धर्मपत्नी कौशल्या देवी साय, विधायक रायमुनी भगत, गोमती साय, पूर्व विधायक भरत साय, माटीकला बोर्ड अध्यक्ष शंभूनाथ चक्रवती, जिला पंचायत अध्यक्ष सालिक साय, उपाध्यक्ष शौर्य प्रताप सिंह जूदेव सहित अनेक जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित रहे।


