सीजी भास्कर, 16 जनवरी | बिलासपुर जिले में Custom Milling Scam Bilaspur के तहत प्रशासनिक जांच ने चौंकाने वाली तस्वीर सामने रख दी है। कस्टम मिलिंग के लिए उठाए गए धान में भारी अनियमितता पाई गई, जिसके बाद प्रशासन ने चार राइस मिलों को तत्काल प्रभाव से सील कर दिया। शुरुआती आकलन में करीब 4504 क्विंटल धान गायब मिला, जिसकी कुल कीमत लगभग 40 करोड़ रुपये आंकी गई है।
अमानक भंडारण और रिकॉर्ड में भारी अंतर
प्रशासनिक टीम को जांच के दौरान राइस मिलों के भौतिक स्टॉक और कागजी रिकॉर्ड में बड़ा अंतर मिला। कोटा और बिल्हा क्षेत्र की दो राइस मिलों में कस्टम मिलिंग के नाम पर उठाए गए धान का मिल परिसर में कोई स्पष्ट हिसाब नहीं मिला।
यही नहीं, मौके से 46,257 क्विंटल धान जब्त किया गया, जिससे Rice Mill Irregularities की आशंका और गहरी हो गई।
तखतपुर में भी दो मिलों पर कार्रवाई
तखतपुर क्षेत्र में एसडीएम के नेतृत्व में की गई कार्रवाई में ग्राम खपरी स्थित दो राइस मिलों का भौतिक सत्यापन किया गया। खरीफ विपणन वर्ष 2024-25 और 2025-26 के दौरान उठाए गए धान की तुलना में मौके पर हजारों बोरियों की कमी पाई गई।
यह स्थिति Paddy Recycling Fraud की ओर इशारा करती है, जिसमें सरकारी धान को निजी लाभ के लिए इधर-उधर खपाने की आशंका जताई जा रही है।
GPS मॉनिटरिंग से पकड़ में आई गड़बड़ी
धान परिवहन में लागू GPS Monitoring System ने इस पूरे मामले की परतें खोल दीं। ट्रकों के तय रूट से भटकने, क्षमता से अधिक लोड और असामान्य ठहराव जैसी गतिविधियों के अलर्ट प्रशासन तक पहुंचे।
इन्हीं तकनीकी संकेतों के आधार पर की गई जांच में मिलिंग और भंडारण से जुड़ी गंभीर लापरवाही उजागर हुई।
कानूनी शिकंजा और FIR की तैयारी
प्रशासन ने साफ कर दिया है कि दस्तावेजी सत्यापन पूरा होते ही दोषी राइस मिलरों के खिलाफ छत्तीसगढ़ चावल उपार्जन आदेश 2016 के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी। संबंधित थाना क्षेत्रों में नामजद एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है।
अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई केवल शुरुआत है, आगे भी निगरानी और सख्ती जारी रहेगी।
अब तक 39.66 करोड़ रुपये का धान जब्त
अब तक की कार्रवाई में प्रशासन द्वारा 39.66 करोड़ रुपये मूल्य का धान जब्त किया जा चुका है। यह मामला सिर्फ आर्थिक नुकसान का नहीं, बल्कि सरकारी वितरण प्रणाली की विश्वसनीयता से जुड़ा है।
प्रशासन ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में और भी मिलों की जांच हो सकती है।


