सीजी भास्कर, 16 जनवरी। शुरुआत सिर्फ एक संदिग्ध गतिविधि की सूचना से हुई थी, लेकिन जैसे-जैसे जांच आगे बढ़ी, मामला कहीं ज्यादा बड़ा निकलता गया। सड़क, गाड़ियां और तय रूट – सब पहले से प्लान थे, मगर इस बार पुलिस की नजर चूकने वाली नहीं थी।
जिले में नशे के कारोबार के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स और बसना थाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए 150 किलो से अधिक गांजा (Mahasamund Ganja Seizure) जब्त किया है। कार्रवाई के दौरान तीन अंतर्राज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया गया है, जो मादक पदार्थ को एक राज्य से दूसरे राज्य तक पहुंचाने की तैयारी में थे।
पुलिस के मुताबिक, जब्त किए गए गांजा का कुल वजन 150 किलो 750 ग्राम है, जिसकी बाजार में अनुमानित कीमत करीब 75 लाख रुपये आंकी गई है। तस्करी में इस्तेमाल की जा रही दो क्रेटा कार और तीन टच-स्क्रीन मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं। कुल मिलाकर कार्रवाई में 95 लाख रुपये से अधिक की संपत्ति पुलिस के कब्जे में आई है।
संगठित नेटवर्क की ओर इशारा
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई केवल बरामदगी तक सीमित नहीं है। आरोपियों के खिलाफ नारकोटिक्स एक्ट की धारा 20(ख) के तहत अपराध दर्ज कर आगे की विवेचना (Mahasamund Ganja Seizure) शुरू कर दी गई है। जांच के दौरान सोर्स प्वाइंट और डेस्टिनेशन प्वाइंट की भी गहन पड़ताल की जा रही है, ताकि पूरे नेटवर्क की कड़ियां सामने लाई जा सकें।
गिरफ्तार किए गए तीनों आरोपी ओडिशा के अलग-अलग इलाकों के निवासी बताए जा रहे हैं और लंबे समय से अंतर्राज्यीय तस्करी में सक्रिय होने की आशंका है। पूछताछ के दौरान कई अहम जानकारियां सामने आने की उम्मीद जताई जा रही है।
एक महीने में बड़ा आंकड़ा
पुलिस के अनुसार, बीते एक महीने के भीतर जिले में कुल 860 किलो से अधिक गांजा जब्त (Mahasamund Ganja Seizure) किया जा चुका है, जिसकी अनुमानित कीमत करीब 4 करोड़ 30 लाख रुपये है। अधिकारियों का कहना है कि नशे के खिलाफ यह अभियान आगे भी लगातार जारी रहेगा और किसी भी स्तर पर ढील नहीं दी जाएगी।


