सीजी भास्कर, 26 जनवरी। गणतंत्र दिवस की भव्यता के बीच एक अंतरराष्ट्रीय संदेश ने सबका ध्यान खींच लिया। ऐसे समय में जब व्यापार और टैरिफ को लेकर तल्खी (Donald Trump India) बनी हुई है, उस वक्त आई यह प्रतिक्रिया केवल औपचारिक शुभकामना नहीं मानी जा रही। बयान के शब्दों में कूटनीतिक संकेत भी साफ नजर आए।
नई दिल्ली के कर्तव्य पथ पर 77वें गणतंत्र दिवस समारोह के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत को गणतंत्र दिवस की बधाई दी। उन्होंने कहा कि अमेरिका और भारत दुनिया के सबसे पुराने और सबसे बड़े लोकतंत्र होने के नाते एक ऐतिहासिक बंधन साझा करते हैं। ट्रंप का यह संदेश ऐसे वक्त सामने आया है, जब दोनों देशों के बीच व्यापार, टैरिफ और नीतिगत मुद्दों को लेकर मतभेद चर्चा में हैं।
अपने संदेश में ट्रंप ने कहा कि अमेरिकी जनता की ओर से वह भारत सरकार और भारत के लोगों को गणतंत्र दिवस की हार्दिक शुभकामनाएं (Donald Trump India) देते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि लोकतांत्रिक मूल्यों और साझा आदर्शों ने दोनों देशों को लंबे समय से एक-दूसरे से जोड़े रखा है।
गणतंत्र दिवस समारोह के दौरान कर्तव्य पथ पर भारत की सैन्य शक्ति और सांस्कृतिक विविधता का भव्य प्रदर्शन देखने को मिला। इस अवसर पर ऑपरेशन सिंदूर की झांकी ने विशेष ध्यान आकर्षित किया। आसमान में भारतीय वायुसेना ने सिंदूर फॉर्मेशन बनाकर शक्ति का प्रदर्शन किया, जबकि थलसेना, नौसेना और वायुसेना की संयुक्त झांकी ने देश की सामरिक क्षमता को दर्शाया।
परेड में अमेरिका निर्मित सी-130जे परिवहन विमान और अपाचे हेलीकॉप्टर सहित कई अत्याधुनिक सैन्य प्लेटफॉर्म शामिल रहे। वायुसेना के कुल 29 विमानों ने फ्लाईपास्ट किया, जिनमें लड़ाकू विमान, परिवहन विमान और हेलीकॉप्टर शामिल थे।
इस वर्ष गणतंत्र दिवस परेड की थीम ‘स्वतंत्रता का मंत्र—वंदे मातरम्, समृद्धि का मंत्र—आत्मनिर्भर भारत’ रही। कर्तव्य पथ पर कुल 30 झांकियां निकाली (Donald Trump India) गईं, जिनमें भारत की सांस्कृतिक विरासत, विकास और आत्मनिर्भरता की झलक देखने को मिली।
टैरिफ और व्यापारिक तनाव के बीच आया ट्रंप का यह संदेश भारत-अमेरिका संबंधों में आने वाले समय में संवाद और संतुलन के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।




