सीजी भास्कर 27 जनवरी। छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस को जल्द नया प्रदेश अध्यक्ष मिल सकता है। कांग्रेस आलाकमान ने हाल ही में पांच महिला नेताओं को दिल्ली बुलाकर उनका इंटरव्यू (Chhattisgarh Mahila Congress President) लिया है। इस प्रक्रिया के बाद संगठन के भीतर लॉबिंग तेज हो गई है और माना जा रहा है कि शीर्ष नेतृत्व जल्द ही इस लंबे इंतजार को खत्म कर सकता है।
दिल्ली बुलाए गए नेताओं में बालोद की विधायक संगीता सिन्हा, पूर्व विधायक छन्नी साहू, लक्ष्मी ध्रुव, पूर्व विधायक ममता चंद्राकर और जिला पंचायत सदस्य तूलिका कर्मा शामिल थीं। इन सभी से संगठन, चुनावी अनुभव और महिला कांग्रेस को मजबूत करने को लेकर चर्चा की गई। पहले यह लगभग तय माना जा रहा था कि छन्नी साहू को प्रदेश अध्यक्ष बनाया जाएगा, लेकिन इंटरव्यू में कई नामों को शामिल किए जाने के बाद तस्वीर पूरी तरह साफ नहीं रही।
इंटरव्यू के बाद जो संकेत मिल रहे हैं, उनके मुताबिक छन्नी साहू और संगीता सिन्हा के नाम रेस में सबसे आगे बताए जा रहे हैं। दोनों ही नेता पहले से महिला कांग्रेस की राष्ट्रीय अध्यक्ष अलका लांबा की टीम (Chhattisgarh Mahila Congress President) का हिस्सा हैं, जिससे उनकी दावेदारी को मजबूत माना जा रहा है। यही वजह है कि संगठन के भीतर इन दोनों नामों पर सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है।
अन्य दावेदारों की बात करें तो बस्तर से आने वाली तूलिका कर्मा, स्वर्गीय महेंद्र कर्मा की पुत्री हैं। हालांकि, वर्तमान प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज और वरिष्ठ नेता फूलोदेवी नेताम दोनों ही बस्तर क्षेत्र से होने के कारण उनकी दावेदारी कमजोर मानी जा रही है। वहीं ममता चंद्राकर को हाल ही में महिला कांग्रेस की महासचिव की जिम्मेदारी दिए जाने के चलते उनका नाम भी फिलहाल पीछे बताया जा रहा है।
सियासी गलियारों में यह भी चर्चा है कि छन्नी साहू को छत्तीसगढ़ कांग्रेस संगठन का समर्थन मिल रहा है, जबकि संजारी-बालोद विधायक संगीता सिन्हा को पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का करीबी माना जा रहा है। यही कारण है कि मुकाबला इन दोनों के बीच सिमटता नजर आ रहा है।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस का प्रदेश अध्यक्ष पद करीब ढाई साल से लगभग (Chhattisgarh Mahila Congress President) खाली है। विधानसभा चुनाव से पहले तत्कालीन अध्यक्ष फूलोदेवी नेताम ने इस्तीफा दिया था, हालांकि वह औपचारिक रूप से स्वीकार नहीं हुआ। इसके बाद से वे केवल नाममात्र की जिम्मेदारी निभा रही हैं। अब संगठन महिला कांग्रेस को नए नेतृत्व के साथ फिर से सक्रिय करने की तैयारी में है।
अब सबकी नजर कांग्रेस आलाकमान के फैसले पर टिकी है, जो यह तय करेगा कि छत्तीसगढ़ महिला कांग्रेस की कमान आखिर किसके हाथों में सौंपी जाएगी।




