NH-30 Road Construction Review : छत्तीसगढ़ के केशकाल नगर क्षेत्र में राष्ट्रीय राजमार्ग-30 पर चल रहे सड़क नवीनीकरण कार्य का राज्यपाल रमेन डेका और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने संयुक्त रूप से निरीक्षण किया। इस दौरान निर्माण की मौजूदा स्थिति, कार्य की गति और गुणवत्ता को लेकर अधिकारियों से विस्तार से जानकारी ली गई।
बस्तर के लिए लाइफलाइन है एनएच-30
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट कहा कि एनएच-30 बस्तर संभाग को राजधानी रायपुर सहित अन्य राज्यों से जोड़ने वाला प्रमुख और रणनीतिक मार्ग है। ऐसे में सड़क निर्माण में किसी भी तरह की लापरवाही स्वीकार्य नहीं होगी और हर स्तर पर गुणवत्ता से समझौता नहीं किया जाना चाहिए।
तय मानकों से समझौता नहीं होगा
मुख्यमंत्री ने निर्माण एजेंसियों और संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि सड़क का निर्माण निर्धारित तकनीकी मापदंडों के अनुसार ही किया जाए। उन्होंने कहा कि अच्छी सड़क सिर्फ आवागमन नहीं, बल्कि क्षेत्र के आर्थिक और सामाजिक विकास की रीढ़ होती है।
कलेक्टर को दी गई सीधी जिम्मेदारी
मुख्यमंत्री ने कलेक्टर को केशकाल नगर और केशकाल बायपास के कार्यों की नियमित निगरानी करने और इन्हें तय समय-सीमा में पूरा कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कार्य में पारदर्शिता होनी चाहिए और किसी भी स्तर पर देरी के लिए जिम्मेदारी तय की जाएगी।
निरीक्षण के बाद कोंडागांव पहुंचे अतिथि
सड़क निरीक्षण के बाद राज्यपाल और मुख्यमंत्री कोंडागांव पहुंचे, जहां उन्होंने बिहान योजना के अंतर्गत स्व-सहायता समूह की महिलाओं द्वारा संचालित “मोर सुआद दीदी की रसोई” का अवलोकन किया। महिलाओं ने पारंपरिक अंदाज में अतिथियों का स्वागत किया।
पारंपरिक स्वाद से जुड़ा आत्मनिर्भरता का संदेश
इस अवसर पर अतिथियों ने स्थानीय व्यंजन फरा और अंगाकर रोटी का स्वाद लिया। मुख्यमंत्री ने समूह की महिलाओं से उनके कार्य, आय और संचालन प्रक्रिया के बारे में जानकारी ली और उन्हें सरकार की ओर से हरसंभव सहयोग का भरोसा दिलाया।
ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण पर जोर
मुख्यमंत्री ने कहा कि ऐसी योजनाएं ग्रामीण महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मजबूत आधार तैयार कर रही हैं। सरकार भविष्य में भी इस तरह के प्रयासों को बढ़ावा देती रहेगी ताकि स्थानीय रोजगार और आजीविका के अवसर मजबूत हो सकें।




