सीजी भास्कर 18 फ़रवरी आदिवासी किसान की मौत से जुड़े मामले में राज्य सरकार ने कड़ा रुख अपनाते हुए कुसमी क्षेत्र के एसडीएम करुण डहरिया को निलंबित कर दिया है। (SDM Suspension Chhattisgarh) के तहत निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय अंबिकापुर स्थित संभाग आयुक्त कार्यालय तय किया गया है।
इससे पहले मामले में अधिकारी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेजा जा चुका है, जिसके बाद प्रशासनिक स्तर पर कार्रवाई की गई।
जांच के दौरान ग्रामीणों से हुई हिंसक झड़प
जानकारी के अनुसार, 15–16 फरवरी की रात कुसमी ब्लॉक के हंसपुर गांव में अवैध खनन की पड़ताल के लिए टीम पहुंची थी। (Illegal Mining Probe) के दौरान ग्रामीणों से पूछताछ के नाम पर कथित तौर पर बल प्रयोग हुआ।
आरोप है कि निजी वाहन से पहुंचे लोगों ने ग्रामीणों को रास्ते में रोककर उनके साथ मारपीट की, जिससे स्थिति बेकाबू हो गई।
उपचार के दौरान एक ग्रामीण की मौत
घटना में घायल ग्रामीणों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया गया। (Tribal Farmer Death Case) में इलाज के दौरान 62 वर्षीय रामनरेश राम की मौत हो गई, जबकि दो अन्य ग्रामीण गंभीर रूप से घायल हुए।
परिजनों का कहना है कि वे खेत में सिंचाई के काम से लौट रहे थे और उन पर बिना ठोस कारण के आरोप लगाए गए।
पुलिस कार्रवाई और दर्ज धाराएं
घायलों के बयान के आधार पर कुसमी थाने में संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया। (Administrative Action CG) के तहत अधिकारी के साथ मौजूद अन्य व्यक्तियों को भी आरोपी बनाया गया है।
पुलिस का कहना है कि घटनाक्रम से जुड़े सभी पहलुओं की फॉरेंसिक और साक्ष्य आधारित जांच की जा रही है, ताकि किसी भी स्तर पर चूक न रहे।
पहले भी विवादों में रहा है अधिकारी का नाम
प्रशासनिक हलकों में यह भी चर्चा है कि संबंधित अधिकारी का नाम पहले भी विवादों से जुड़ चुका है। (Administrative Action CG) के संदर्भ में पूर्व पदस्थापनाओं के दौरान उनके खिलाफ शिकायतें सामने आ चुकी थीं।
इसी पृष्ठभूमि को देखते हुए सरकार ने इस मामले में त्वरित निर्णय लेकर निलंबन की कार्रवाई की है।
सरकार का संदेश—कानून से ऊपर कोई नहीं
इस कार्रवाई को प्रशासनिक सख्ती के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। (SDM Suspension Chhattisgarh) के जरिए सरकार ने यह स्पष्ट किया है कि कानून के दायरे से बाहर जाकर किसी भी तरह की हिंसा बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
आगे की जांच पूरी होने के बाद दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कदम उठाए जाने की बात कही गई है।






