सीजी भास्कर, 19 फरवरी। छत्तीसगढ़ के प्रसिद्ध पक्षी विहार क्षेत्र गिधवा टैंक में इस वर्ष एक खास प्रवासी पक्षी मल्लार्ड बत्तख का आगमन दर्ज (Gidhwa Tank) किया गया है। अक्टूबर 2025 में लंबी प्रवासी यात्रा पूरी कर यहां पहुंची इस सुंदर और आकर्षक जलपक्षी ने पहली बार इस क्षेत्र में अपनी उपस्थिति दर्ज कराई है। इसके आगमन से गिधवा टैंक की पहचान और भी मजबूत हुई है और यह पक्षी प्रेमियों के लिए नया आकर्षण बन गया है।
गिधवा टैंक के शांत, स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण ने मल्लार्ड बत्तख को यहां रुकने के लिए अनुकूल परिस्थितियां प्रदान की हैं। यहां उपलब्ध पर्याप्त जल, प्राकृतिक भोजन और सुरक्षित आवास के कारण यह प्रवासी पक्षी आसानी से यहां के पारिस्थितिक तंत्र में घुल-मिल गई है। अब यह अन्य स्थानीय और प्रवासी पक्षियों के साथ इस क्षेत्र का हिस्सा बन चुकी है।
गिधवा टैंक पहले से ही अपनी समृद्ध जैव-विविधता और प्रवासी पक्षियों के लिए प्रसिद्ध रहा है। मल्लार्ड बत्तख के आगमन से इस क्षेत्र की पर्यावरणीय महत्वता (Gidhwa Tank) और बढ़ गई है। पक्षी प्रेमी और प्रकृति पर्यवेक्षक इस दुर्लभ प्रवासी अतिथि को देखने और उसके व्यवहार का अध्ययन करने के लिए उत्साहित हैं, जिससे गिधवा टैंक की लोकप्रियता में और वृद्धि हुई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यह प्रवासी पक्षी का आगमन राज्य में जलाशयों के संरक्षण, स्वच्छता और पर्यावरण सुरक्षा के लिए किए जा रहे प्रयासों की सफलता को दर्शाता है। स्थानीय प्रशासन और संबंधित विभागों द्वारा निरंतर संरक्षण कार्य, जनजागरूकता अभियान और प्राकृतिक संसाधनों के बेहतर प्रबंधन के कारण गिधवा टैंक प्रवासी पक्षियों के लिए सुरक्षित और अनुकूल आश्रय स्थल बनता जा रहा है।
मल्लार्ड बत्तख का यह आगमन छत्तीसगढ़ की प्राकृतिक समृद्धि और पारिस्थितिक संतुलन का प्रतीक (Gidhwa Tank) है। यह दर्शाता है कि यदि पर्यावरण संरक्षण के प्रयास निरंतर जारी रहें, तो राज्य के प्राकृतिक संसाधन और जैव-विविधता और अधिक समृद्ध हो सकती है।






