छत्तीसगढ़ के Shaheed Nandkumar Patel University, Raigarh ने परीक्षा प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए नई डिजिटल व्यवस्था लागू की है। अब छात्र QR कोड स्कैन करके सीधे पोर्टल पर पहुंच सकेंगे और कुछ ही मिनटों में अपना प्रवेश पत्र डाउनलोड कर पाएंगे। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य (QR Code Admit Card System) के माध्यम से छात्रों को एडमिट कार्ड लेने में होने वाली परेशानियों को खत्म करना है।
ग्रामीण छात्रों को मिलेगी सबसे ज्यादा सुविधा
अब तक कई बार छात्रों को परीक्षा से पहले एडमिट कार्ड प्राप्त करने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था, खासकर दूर-दराज के क्षेत्रों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों को। नई व्यवस्था लागू होने के बाद छात्र मोबाइल से QR कोड स्कैन करते ही सीधे वेबसाइट के लिंक पर पहुंच जाएंगे और वहां से अपना प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकेंगे। विश्वविद्यालय का मानना है कि (University Digital System) लागू होने से समय की बचत होगी और छात्रों को अनावश्यक दौड़-भाग से राहत मिलेगी।
परीक्षा केंद्रों पर CCTV से होगी निगरानी
परीक्षा व्यवस्था को पारदर्शी बनाने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन ने सभी परीक्षा केंद्रों में सीसीटीवी कैमरे लगाने के निर्देश भी दिए हैं। इससे परीक्षा के दौरान किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या अनुचित गतिविधियों पर नजर रखी जा सकेगी। अधिकारियों के मुताबिक (Exam Monitoring System) के तहत ऑनलाइन मॉनिटरिंग की व्यवस्था भी की जा रही है, ताकि परीक्षा प्रक्रिया पूरी तरह व्यवस्थित ढंग से संचालित हो सके।
प्रश्नपत्र से जुड़ी शिकायतों के लिए टास्क फोर्स
परीक्षा के दौरान छात्रों की शंकाओं का तत्काल समाधान करने के लिए विश्वविद्यालय ने एक विशेष टास्क फोर्स बनाने की तैयारी की है। परीक्षा शुरू होने के 15 से 30 मिनट के भीतर यदि किसी प्रश्न को लेकर कोई संदेह होता है, तो छात्र अपने शिक्षक को जानकारी दे सकेंगे। इसके बाद केंद्र अधीक्षक के माध्यम से यह सूचना विश्वविद्यालय तक पहुंचेगी और वहां से समाधान किया जाएगा। प्रशासन का कहना है कि (University Exam Task Force) से परीक्षा व्यवस्था अधिक पारदर्शी और व्यवस्थित बनेगी।
चार जिलों के 137 कॉलेजों के छात्रों को मिलेगा लाभ
विश्वविद्यालय से Raigarh के साथ-साथ Sarangarh, Sakti और Janjgir जिले के कुल 137 महाविद्यालय संबद्ध हैं। इन कॉलेजों में अध्ययनरत बीए, बीएससी, बीकॉम, पीजीडीसीए, डीसीए और विभिन्न स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों के छात्र इस नई व्यवस्था का लाभ उठा सकेंगे। विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि डिजिटल व्यवस्था से छात्रों को समय पर प्रवेश पत्र मिलेगा और परीक्षा प्रक्रिया पहले से अधिक सुचारू रूप से संचालित हो सकेगी।





