Child Suicide Case Durg : छत्तीसगढ़ के Durg जिले से एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाली घटना सामने आई है। यहां महज 10 साल की एक बच्ची ने मामूली डांट से आहत होकर आत्मघाती कदम उठा लिया। इस घटना ने पूरे इलाके को स्तब्ध कर दिया है और परिवार में मातम का माहौल है।
घर में अकेली थी बच्ची, फोन पर कर रही थी बात
परिजनों से मिली जानकारी के अनुसार घटना के समय बच्ची घर में अकेली थी और अपने पिता से मोबाइल पर बातचीत कर रही थी। इसी दौरान उसका बड़ा भाई घर पहुंचा और दरवाजा खटखटाया। दरवाजा खोलने में देरी होने पर भाई ने उसे डांट दिया, जो बच्ची को बेहद बुरा लग गया।
गुस्से और दुख में उठाया आत्मघाती कदम
बताया जा रहा है कि भाई की डांट से बच्ची मानसिक रूप से आहत हो गई। इसी भावनात्मक क्षण में उसने घर की गैलरी में जाकर चुन्नी से फंदा बनाकर अपनी जान दे दी। यह पूरा घटनाक्रम कुछ ही मिनटों में हुआ, जिससे किसी को संभलने का मौका तक नहीं मिला।
अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
घटना की जानकारी मिलते ही परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। बच्ची को तुरंत अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद पूरे मोहल्ले में शोक और सन्नाटा पसरा हुआ है।
पुलिस जांच में जुटी, हर पहलू की हो रही पड़ताल
सूचना मिलने पर पुलिस भी मौके पर पहुंची और मामले में मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि घटना के पीछे किसी अन्य कारण की भी जांच की जा रही है, ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके।
मनोवैज्ञानिकों की सलाह: बच्चों की भावनाओं को समझना जरूरी
विशेषज्ञों का कहना है कि कम उम्र के बच्चे भावनाओं को सही तरीके से समझ नहीं पाते और छोटी-छोटी बातों से गहराई से प्रभावित हो जाते हैं। ऐसे में अभिभावकों को चाहिए कि वे बच्चों से संवाद बनाए रखें, उन्हें समझें और डांट-फटकार के बजाय समझाने का तरीका अपनाएं।


