सीजी भास्कर 8 फरवरी रायपुर। Amit Shah LWE Review Meeting : केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में नक्सल प्रभावित राज्यों की आंतरिक सुरक्षा को लेकर एक अहम उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में वामपंथी उग्रवाद यानी (Left Wing Extremism) की मौजूदा स्थिति, छत्तीसगढ़ में नक्सल नेटवर्क और बस्तर क्षेत्र के विकास से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा हुई।
Amit Shah LWE Review Meeting में बस्तर के प्रशासनिक ढांचे पर विचार
नया रायपुर स्थित एक होटल में हुई इस बैठक के दौरान बस्तर क्षेत्र को आदिवासी संभाग के रूप में सशक्त बनाने के प्रस्ताव पर भी गंभीर मंथन हुआ। बैठक में यह स्पष्ट किया गया कि केवल सुरक्षा बलों की कार्रवाई ही नहीं, बल्कि प्रशासनिक मजबूती और स्थानीय शासन को मजबूत करना भी (Security & Development Integration) का अहम हिस्सा है।
नक्सल नेटवर्क तोड़ने और सरेंडर नीति पर चर्चा
बैठक में नक्सलियों के संगठनात्मक ढांचे को कमजोर करने, उनके वित्तीय और लॉजिस्टिक नेटवर्क को तोड़ने, तथा आत्मसमर्पण नीति को और प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया। अधिकारियों ने प्रभावित इलाकों में विकास योजनाओं, सड़क, संचार और आधारभूत ढांचे (Infrastructure in LWE Areas) को गति देने को प्राथमिकता बताया।
इस समीक्षा बैठक में केंद्रीय गृह सचिव, खुफिया एजेंसियों के वरिष्ठ अधिकारी, आंतरिक सुरक्षा से जुड़े विभागों के प्रतिनिधि, अर्धसैनिक बलों के शीर्ष अधिकारी और राष्ट्रीय जांच से जुड़े वरिष्ठ अफसर शामिल रहे। इसके साथ ही छत्तीसगढ़, ओडिशा, महाराष्ट्र, झारखंड और तेलंगाना जैसे नक्सल प्रभावित राज्यों के पुलिस प्रमुख भी बैठक में उपस्थित रहे।
समन्वय और सतत कार्रवाई पर सहमति
बैठक के दौरान यह सहमति बनी कि नक्सलवाद के खिलाफ कार्रवाई केवल ऑपरेशन तक सीमित न रहकर विकास, संवाद और निरंतर निगरानी पर आधारित होनी चाहिए। केंद्र और राज्यों के बीच बेहतर तालमेल, साझा इंटेलिजेंस और समयबद्ध समीक्षा को आगे की रणनीति का आधार माना गया।




