Baramkela Online Satta Racket : बरमकेला क्षेत्र में बीते कुछ महीनों से सट्टा कारोबार नए रूप में फैलता दिख रहा है। स्थानीय स्तर पर “भाग्यलक्ष्मी” और “श्रीदेवी” जैसे नामों से चल रहे गेम अब मोबाइल ऐप और पर्ची—दोनों माध्यमों से दांव लगवा रहे हैं। जानकारों के मुताबिक, यह नेटवर्क पहले छोटे कस्बों तक सीमित था, मगर अब डिजिटल चैनलों के जरिए दायरा बढ़ा है। कई खिलाड़ियों ने बताया कि एक ही दिन में अलग-अलग प्लेटफॉर्म पर रेट बदलते रहते हैं, जिससे लोगों को लुभाया जाता है।
यहां लगने वाले दांव महाराष्ट्र में चर्चित गेम पैटर्न—कल्याण, राजधानी, भूतनाथ और बॉम्बे—की तर्ज पर सेट किए जा रहे हैं। ऑफलाइन खाइवाल सीमित रकम तक एंट्री लेते हैं, बड़ी रकम आने पर चैन आगे बढ़ा दिया जाता है। सूत्रों का दावा है कि यह मॉडल जोखिम को नीचे की कड़ी पर रोककर ऊपर बैठे ऑपरेटर तक कैश और डिजिटल पेमेंट पहुंचाने में मदद करता है।
Baramkela Online Satta Racket का डिजिटल ट्रैक—चार्ट, नंबर और रिकॉर्ड
लोकल गेम के चार्ट ऑनलाइन उपलब्ध बताए जा रहे हैं, जिनमें ओपन-क्लोज का पुराना डेटा दिखता है। चार्ट के साथ दिए गए संपर्क नंबरों पर अक्सर कॉल रिसीव नहीं होती, लेकिन वही नंबर टेलीग्राम जैसे प्लेटफॉर्म पर एक्टिव दिखते हैं। साइबर विशेषज्ञों के अनुसार, ऐसे चार्ट नए खिलाड़ियों को भरोसा दिलाने का टूल होते हैं—पुराने रिकॉर्ड दिखाकर “जीत की संभावना” बेची जाती है।
थाने से सौ मीटर पर हलचल, दिनभर आवाजाही
स्थानीय लोगों का कहना है कि बरमकेला थाना क्षेत्र के भीतर, सुभाष चौक के आसपास सुबह से देर रात तक संदिग्ध आवाजाही दिखती है। पर्ची पर नंबर लिखकर दांव लेने-देने की चर्चा आम है। दुकानें बदलती रहती हैं, लेकिन नेटवर्क वही रहता है—ऐसा आरोप स्थानीय निवासियों ने लगाया।
Baramkela Online Satta Racket में इंटरनेशनल लिंक की आशंका, ट्रांजेक्शन पर फोकस
सूत्रों के मुताबिक, नेटवर्क का एक सिरा विदेश तक जुड़ा बताया जा रहा है। जांच एजेंसियों के लिए चुनौती यह है कि लेनदेन कई बार वॉलेट, क्यूआर और लेयरिंग के जरिए होता है। विशेषज्ञों का मानना है कि बैंक खातों, कॉल-डिटेल, पासपोर्ट मूवमेंट और प्रॉपर्टी ट्रेल की संयुक्त जांच से पूरे चेन का नक्शा सामने आ सकता है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि खुलेआम सट्टा संचालन की शिकायतों पर कार्रवाई की तैयारी है। प्राथमिक तौर पर हॉट-स्पॉट की पहचान, डिजिटल ट्रांजेक्शन की फॉरेंसिक जांच और ग्राउंड-लेवल ऑपरेटरों की मैपिंग की जाएगी। पूर्व वरिष्ठ अधिकारियों के अनुसार, केवल धरपकड़ नहीं—फाइनेंशियल इंटेलिजेंस के साथ संयुक्त कार्रवाई जरूरी है, तभी नेटवर्क टूटेगा।






