सीजी भास्कर, 12 दिसंबर | उत्तर प्रदेश के बस्ती जिले के परसरामपुर क्षेत्र से सामने आया यह मामला (Basti Child Burial Case) शब्द सुनते ही रीढ़ में सिहरन पैदा कर देने वाला है।
एक पिता ने घर की चारदीवारी के भीतर ऐसा गड्ढा खोदा, जिसे देखकर किसी का भी दिल दहल जाए। तीन नाबालिग बच्चों को पीटने के बाद जिंदा दफनाने की कोशिश… लेकिन समय पर पहुंची पुलिस ने बच्चों को मौत के मुंह में जाने से बचा लिया।
विवाद, हिंसा और बच्चों पर बरसी बेहरमी
आरोपी की पहचान मोहम्मद इरफान हाशमी (32) के रूप में हुई है, जो नंदनगर गांव का रहने वाला है।
पत्नी से लगातार घरेलू झगड़ों के बाद, करीब एक सप्ताह पहले उसने पत्नी को बुरी तरह पीटा था। पत्नी एक बच्चे को लेकर मायके चली गई, लेकिन घर में मौजूद तीन अन्य बच्चे—11 साल की माहीनूर, 9 साल का अमीन और 6 साल की महजबीन—इरफान के गुस्से और हिंसा का शिकार बनते रहे।
अकेले घर में मौजूद इरफान ने गुरुवार को इन तीनों को दोबारा बेरहमी से पीटा, जिससे पड़ोसी भी दहशत में आ गए।
गड्ढा खोदकर बच्चों को दफनाने की तैयारी, फिर रोने की आवाज़ बनी सबूत
यहां कहानी और भयावह हो जाती है।
बच्चों को खत्म करने की नीयत से इरफान ने घर के एक कमरे में बड़ा गड्ढा खोदा। (Child Burial Attempt) पूरी घटना अपनी क्रूरता की हदें पार कर चुकी थी।
बच्चों के रोने की आवाज़ पड़ोसियों तक पहुंची। हिम्मत जुटाकर किसी ने पुलिस को फोन कर दिया—और यही कॉल तीन मासूमों की जिंदगी का सबसे बड़ा मोड़ बन गई।
पुलिस ने बिना समय गंवाए की कार्रवाई—बचा लिए तीनों बच्चे
पुलिस टीम, थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह के नेतृत्व में, मौके पर बिना एक पल गंवाए पहुंच गई।
घर की तलाशी के दौरान उन्हें वह गड्ढा मिला—ताज़ा खुदाई, पास में रखा फावड़ा, और गड्ढे के अंदर तीनों बच्चे… बिल्कुल सहमे हुए।
इसी दौरान इरफान मिट्टी डालने ही वाला था कि पुलिस ने उसे वहीं पकड़ लिया।
(Basti Child Burial Case) की इस त्वरित कार्रवाई ने तीनों बच्चियों को नई जिंदगी दी।
आरोपी पर कड़ी धाराओं में केस, मां को दी गई सूचना
थानाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह के अनुसार, आरोपी पर BNS की धारा 109(1) और धारा 75—किशोर न्याय अधिनियम—के तहत गंभीर केस दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया।
डिप्टी एसपी स्वर्णिमा सिंह ने बताया कि बच्चों को कई दिनों से प्रताड़ना झेलनी पड़ रही थी।
पड़ोसियों ने कोशिश की थी कि इरफान को समझाया जाए, लेकिन वह धमकाकर सबको चुप करा देता था।
गड्ढे के अंदर मिली भयावह सच्चाई—बच्चे बोले, “पापा ने हमें दफनाने के लिए रखा था”
पुलिस जब गड्ढे के पास पहुंची तो हालात चौंकाने वाले थे।
बच्चे उसी गड्ढे में थे और इरफान मिट्टी डालने ही वाला था।
बच्चों और पड़ोसियों के बयान ने पूरा सच उजागर किया—इरफान उन्हें जिंदा दफनाने की तैयारी कर चुका था।
इसके बाद बच्चों की मां को तुरंत सूचना दी गई।






