सीजी भास्कर, 02 मई : बेमेतरा जिले के नगर पंचायत दाढ़ी में हाल ही में बनी सीसी रोड (Bemetara Road Issue) के कुछ ही समय में क्षतिग्रस्त होने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सख्त रुख अपनाया है और साफ कहा है कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने इस प्रकरण पर तुरंत संज्ञान लेते हुए बेमेतरा (Bemetara Road Issue) कलेक्टर प्रतिष्ठा ममगाईं से दूरभाष पर चर्चा की और पूरे मामले की विस्तृत तथा समयबद्ध जांच के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि संबंधित सड़क का तकनीकी परीक्षण कराया जाए और यह जांच की जाए कि निर्माण में इस्तेमाल सामग्री, कार्य की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था मानकों के अनुरूप थी या नहीं।
मुख्यमंत्री ने निर्देशित किया है कि यदि जांच में किसी भी प्रकार की अनियमितता, गुणवत्ता में कमी या नियमों का उल्लंघन सामने आता है, तो संबंधित ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाए। साथ ही उन्होंने क्षतिग्रस्त सड़क के त्वरित पुनर्निर्माण के भी निर्देश दिए, ताकि आम नागरिकों को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके।
उन्होंने यह भी कहा कि यह मामला केवल एक सड़क तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि जिले में चल रहे सभी निर्माण कार्यों की विशेष समीक्षा की जाए। मुख्यमंत्री ने प्रशासन को निर्देश दिया कि अन्य परियोजनाओं में भी गुणवत्ता की जांच की जाए, ताकि इस तरह की लापरवाही दोबारा सामने न आए।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने दो टूक शब्दों में कहा कि विकास कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करना प्रशासन की मूल जिम्मेदारी है। इसमें किसी भी स्तर पर समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि जनहित से जुड़े कार्यों में लापरवाही करने वालों की जवाबदेही तय होगी और उनके खिलाफ कार्रवाई अनिवार्य रूप से की जाएगी।
उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्माण कार्यों की सतत मॉनिटरिंग, नियमित फील्ड निरीक्षण और मजबूत गुणवत्ता नियंत्रण प्रणाली लागू की जाए, ताकि विकास कार्य टिकाऊ और भरोसेमंद बन सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता है कि जनता को मजबूत और सुरक्षित अधोसंरचना मिले, जिससे उनका विश्वास और अधिक सुदृढ़ हो।
गौरतलब है कि प्रदेशभर में निर्माण कार्यों (Bemetara Road Issue) की गुणवत्ता को लेकर सरकार पहले से ही सख्त रुख अपना रही है। इस ताजा मामले के बाद यह स्पष्ट हो गया है कि अब किसी भी तरह की लापरवाही पर सीधे कार्रवाई होगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।


