सीजी भास्कर 2 जनवरी रायपुर : छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले मामले में पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे चैतन्य बघेल को बड़ी राहत मिली है। हाईकोर्ट ने ईडी और ईओडब्ल्यू से जुड़े मामलों में सुनवाई के बाद उनकी जमानत याचिका स्वीकार कर ली। (Chaitanya Baghel Bail News) के बाद अब चैतन्य बघेल लगभग 168 दिनों की न्यायिक हिरासत के बाद जेल से बाहर आएंगे।
जन्मदिन के दिन हुई थी गिरफ्तारी
प्रवर्तन निदेशालय ने चैतन्य बघेल को 18 जुलाई को उनके जन्मदिन के दिन भिलाई स्थित निवास से गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी धन शोधन निवारण अधिनियम, 2002 (PMLA) के तहत की गई थी। (Liquor Scam Chhattisgarh) की जांच से जुड़ा यह मामला राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में लंबे समय से चर्चा में रहा है।
एसीबी-ईओडब्ल्यू की FIR के आधार पर जांच
ईडी ने यह जांच एसीबी और ईओडब्ल्यू रायपुर द्वारा दर्ज एफआईआर के आधार पर शुरू की थी। एफआईआर में भारतीय दंड संहिता की विभिन्न धाराओं और भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 का उल्लेख है। (ED Case Chaitanya Baghel) में आरोप है कि शराब नीति में गड़बड़ियों के जरिए संगठित तरीके से अवैध लेन-देन किया गया।
2500 करोड़ की अवैध कमाई का दावा
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि कथित शराब घोटाले से राज्य के खजाने को भारी नुकसान पहुंचा। जांच एजेंसियों के अनुसार, लगभग 2,500 करोड़ रुपये की अवैध कमाई (Proceeds of Crime) घोटाले से जुड़े लाभार्थियों तक पहुंचाई गई। (PMLA Bail Case) में इसी आर्थिक पहलू को आधार बनाकर कार्रवाई की गई थी।
आगे की कानूनी प्रक्रिया जारी
हालांकि जमानत मिलने के बाद चैतन्य बघेल जेल से बाहर आएंगे, लेकिन मामले की जांच और न्यायिक प्रक्रिया आगे भी जारी रहेगी। कोर्ट ने स्पष्ट किया है कि जमानत का अर्थ आरोपों से राहत नहीं है। (Chaitanya Baghel Bail News) के बाद इस केस पर राजनीतिक और कानूनी नजरें और तेज हो गई हैं।


