सीजी भास्कर, 28 जनवरी | Chhattisgarh Weather Update : छत्तीसगढ़ में मौसम ने एक बार फिर करवट ले ली है। सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस (Western Disturbance) के प्रभाव से प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में बादल छाए हुए हैं और कुछ जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की बारिश की संभावना जताई जा रही है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक यह बदलाव ऊपरी वायुमंडल में बन रहे सिस्टम की वजह से हो रहा है।
सरगुजा संभाग में बारिश के संकेत, ठंड बढ़ने के आसार
सरगुजा संभाग के बलरामपुर, कोरिया और जशपुर जैसे जिलों में हल्की बारिश हो सकती है। इसके साथ ही उत्तर छत्तीसगढ़ में अगले तीन दिनों के भीतर न्यूनतम तापमान में 1 से 3 डिग्री सेल्सियस तक गिरावट आने की संभावना है। इससे रात की ठंड और बढ़ सकती है, खासकर पहाड़ी और वनांचल इलाकों में।
रायपुर में सुबह-सुबह कोहरा, तापमान स्थिर
राजधानी रायपुर और आसपास के इलाकों में सुबह से हल्का कोहरा देखने को मिला। मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार रायपुर में दिन का तापमान करीब 31 डिग्री सेल्सियस और रात का तापमान लगभग 16 डिग्री सेल्सियस रहने की उम्मीद है। फिलहाल यहां न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं देखा जा रहा है।
अंबिकापुर सबसे ठंडा, राजनांदगांव सबसे गर्म
पिछले 24 घंटों में राज्य का सबसे ठंडा इलाका अंबिकापुर रहा, जहां न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं अधिकतम तापमान की बात करें तो राजनांदगांव 31.5 डिग्री सेल्सियस के साथ प्रदेश का सबसे गर्म जिला रहा। यह अंतर मौसम की असमानता को साफ तौर पर दिखाता है।
तीन सिनॉप्टिक सिस्टम से बिगड़ा मौसम संतुलन
इस समय मौसम में बदलाव की सबसे बड़ी वजह तीन अलग-अलग सिनॉप्टिक सिस्टम हैं। पहला, ऊपरी हवाओं में सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस, जो लगभग 5–6 किलोमीटर की ऊंचाई पर मौजूद है। दूसरा, उत्तर भारत के ऊपर बह रही तेज रफ्तार जेट स्ट्रीम, जिसकी गति करीब 125 नॉट बताई जा रही है। तीसरा सिस्टम 30 जनवरी की रात से उत्तर-पश्चिम भारत में प्रवेश कर सकता है, जिससे मौजूदा मौसमी हलचल और तेज होने की संभावना है।
पूरी तरह खराब नहीं होगा मौसम, लेकिन सतर्कता जरूरी
मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल मौसम पूरी तरह खराब नहीं होगा, लेकिन बादलों की आवाजाही, हल्की बारिश और तापमान में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। ऐसे में किसानों, यात्रियों और सुबह-शाम निकलने वाले लोगों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है।




