Chhattisgarh Weather Update : छत्तीसगढ़ में अब मौसम का मिजाज धीरे-धीरे गर्मी की ओर बढ़ता नजर आ रहा है। प्रदेश के ज्यादातर मैदानी इलाकों में तापमान लगातार ऊपर चढ़ रहा है और कई जिलों में पारा 38 डिग्री सेल्सियस के आसपास पहुंच गया है। मौसम विभाग का कहना है कि फिलहाल वातावरण शुष्क बना हुआ है और आने वाले लगभग सात दिनों तक मौसम में किसी बड़े बदलाव की संभावना कम है।
उत्तर छत्तीसगढ़ में सुबह-शाम हल्की ठंड का अहसास
हालांकि प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में मौसम अभी पूरी तरह गर्म नहीं हुआ है। अंबिकापुर और आसपास के जिलों में सुबह और देर रात हल्की ठंड महसूस की जा रही है। दिन के समय तापमान बढ़ने के बावजूद सुबह की ठंडी हवाएं लोगों को अभी भी सर्दी का हल्का अहसास करा रही हैं।
राजनांदगांव सबसे गर्म, अंबिकापुर सबसे ठंडा
पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश में सबसे अधिक अधिकतम तापमान राजनांदगांव में 38 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं न्यूनतम तापमान की बात करें तो अंबिकापुर में 12 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जो राज्य का सबसे कम तापमान रहा। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक आने वाले दिनों में दिन का तापमान धीरे-धीरे और बढ़ सकता है।
द्रोणिका बनी, लेकिन असर नहीं के बराबर
मौसम विभाग के अनुसार उत्तर ओडिशा से लेकर विदर्भ तक दक्षिण छत्तीसगढ़ के ऊपर लगभग 0.9 किलोमीटर की ऊंचाई पर एक द्रोणिका सक्रिय है। हालांकि इसका असर प्रदेश के मौसम पर बहुत ज्यादा दिखाई नहीं दे रहा है। इसी वजह से फिलहाल बारिश या बादलों की गतिविधि की संभावना भी काफी कम बताई जा रही है।
रायपुर में साफ आसमान, तापमान 38 डिग्री के करीब
राजधानी रायपुर में भी आज आसमान पूरी तरह साफ रहने का अनुमान है। यहां अधिकतम तापमान लगभग 38 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान करीब 21 डिग्री सेल्सियस रहने की संभावना जताई गई है। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों तक भी इसी तरह का शुष्क मौसम बने रहने की बात कही है।
तीन दिन में दो डिग्री तक बढ़ सकता है पारा
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार आने वाले तीन दिनों के भीतर प्रदेश के अधिकतम तापमान में करीब दो डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हो सकती है। इसके बाद अगले चार दिनों तक तापमान लगभग स्थिर रह सकता है और मौसम शुष्क ही बना रहेगा।
फरवरी में भी कम रही ठंड, इतिहास में दर्ज कई रिकॉर्ड
मौसम विशेषज्ञ बताते हैं कि इस साल फरवरी महीने में भी सामान्य से कम ठंड देखने को मिली। अधिकतर दिनों में आसमान साफ रहा और हवाएं भी हल्की रहीं। हालांकि पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से बीच-बीच में मौसम में हल्का बदलाव जरूर देखा गया।
इतिहास में भी फरवरी में बढ़ चुकी है गर्मी
मौसम के पुराने आंकड़े बताते हैं कि फरवरी महीने में भी कई बार तापमान काफी बढ़ जाता है। रायपुर में 28 फरवरी 2009 को अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया था, जबकि 9 फरवरी 1893 को यहां तापमान गिरकर केवल 5 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। विशेषज्ञों का कहना है कि सर्दियों का असर कम होने के साथ अब तापमान में धीरे-धीरे बढ़ोतरी होती रहेगी।





