तखतपुर विकासखंड के ग्राम चनाडोंगरी की गंगोत्री बाई ने जनदर्शन में बताया कि घोंघा जलाशय की डूब में आई उनकी करीब 20 डिसमिल खेती की जमीन का मुआवजा 40 साल बाद भी नहीं मिला। शिकायत सुनते ही कलेक्टर Sanjay Agrawal ने प्रकरण जल संसाधन विभाग के कार्यपालन अभियंता को भेजकर तथ्यात्मक जांच और समय-सीमा में निराकरण के निर्देश दिए। पीड़ित परिवार का कहना है कि (Collector Public Hearing Bilaspur) जैसे मंच पर बार-बार गुहार लगाने के बाद भी फाइलें आगे नहीं बढ़ रहीं।
बाईपास निर्माण से फसलों का नुकसान, भुगतान अधूरा
ढेका बाईपास सड़क निर्माण से प्रभावित किसानों ने फल–सब्जियों की बर्बादी का हवाला देते हुए क्षतिपूर्ति की मांग रखी। किसानों के अनुसार, कटाई के बीच खेत उजड़ गए, मगर आकलन के बाद भी भुगतान नहीं हुआ। कलेक्टर ने आवेदन एसडीएम बिलासपुर को भेजकर स्थल निरीक्षण और मुआवजा निर्धारण की प्रक्रिया तेज करने को कहा। ग्रामीणों का कहना है कि (Collector Public Hearing Bilaspur) में उठी आवाज तभी सार्थक होगी, जब जमीन पर कार्रवाई दिखे।
मनरेगा मजदूरी बकाया, भुगतान का भरोसा
ग्राम मदनपुर की श्रमिक सरिता बाई ने मनरेगा के तहत किए गए काम की लंबित मजदूरी का मुद्दा रखा। शिकायत पर जिला पंचायत सीईओ को भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। श्रमिकों का कहना है कि महीनों से मजदूरी रुकी है, जिससे रोजमर्रा की जरूरतें प्रभावित हो रही हैं; ऐसे में (Collector Public Hearing Bilaspur) उनकी आखिरी उम्मीद बनता जा रहा है।
निजी भूमि पर सरकारी खर्च, जांच के आदेश
मस्तूरी के सुकुलकारी ग्राम से रोजगार सहायक पर सरकारी राशि से निजी भूमि पर बोर खनन कराने का आरोप सामने आया। कलेक्टर ने मामले की निष्पक्ष जांच कर रिपोर्ट देने के निर्देश दिए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि आरोप सही पाए गए, तो जिम्मेदारों पर कार्रवाई जरूरी है—तभी (Collector Public Hearing Bilaspur) की विश्वसनीयता बनी रहेगी।
जर्जर स्कूल भवन पर सवाल, नए भवन की मांग
ग्राम पत्थर्रा की सरपंच ज्योति गोस्वामी ने मिडिल स्कूल के जर्जर भवन का मुद्दा उठाया और नए भवन की मांग रखी। बच्चों की सुरक्षा को देखते हुए कलेक्टर ने जिला पंचायत सीईओ को स्थल परीक्षण कर त्वरित प्रस्ताव तैयार करने को कहा। अभिभावकों ने कहा कि (Collector Public Hearing Bilaspur) में शिक्षा से जुड़े मुद्दों को प्राथमिकता मिलनी चाहिए।
वीरांगना को भूमि आवंटन अब भी लंबित
मस्तूरी निवासी भूतपूर्व सैनिक की पत्नी लक्ष्मीबाई ने बताया कि 2021 में पति के निधन के बाद मकान निर्माण के लिए स्वीकृत 5 डिसमिल भूमि अब तक आवंटित नहीं हुई। कलेक्टर ने प्रकरण एसडीएम मस्तूरी को भेजकर शीघ्र निस्तारण का निर्देश दिया। परिवार का कहना है कि (Collector Public Hearing Bilaspur) जैसे मंच से उन्हें न्याय की उम्मीद है।
खाद आपूर्ति और महिला समूह का भुगतान
हरदी कला के किसान मुरली प्रसाद साहू ने गरमी फसल के लिए खाद की कमी की शिकायत रखी, जिस पर सहकारिता विभाग को तत्काल आपूर्ति के निर्देश दिए गए। वहीं, गढ़ कलेवा संचालित करने वाले महिला समूह ने भोजन पैकेट के लंबित भुगतान का मुद्दा उठाया—प्रकरण जिला पंचायत सीईओ को सौंपा गया। नागरिकों का कहना है कि (Collector Public Hearing Bilaspur) में उठे मामलों पर फॉलो-अप सबसे अहम है।
प्रशासनिक मौजूदगी, समाधान का आश्वासन
जनदर्शन में नगर निगम आयुक्त Prakash Sarve और जिला पंचायत सीईओ Sandeep Agrawal भी मौजूद रहे। दोनों अधिकारियों ने नागरिकों की शिकायतें सुनीं और विभागीय समन्वय से समाधान का भरोसा दिलाया। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि (Collector Public Hearing Bilaspur) के हर प्रकरण पर ट्रैकिंग होगी, ताकि शिकायतें कागजों में न अटकें।






