कोलकाता में फुटबॉल के दिग्गज लियोनेल मेसी के दौरे से जुड़ा मामला अब सिर्फ सोशल मीडिया बहस तक सीमित नहीं रहा। Messi Photo Controversy के बीच टॉलीवुड अभिनेत्री सुभाश्री गांगुली को ऑनलाइन ट्रोल किए जाने का मामला पुलिस तक पहुंच गया है, जिसके बाद पूरे घटनाक्रम ने नया मोड़ ले लिया है।
तस्वीर पोस्ट होते ही शुरू हुई ट्रोलिंग
सुभाश्री गांगुली द्वारा मेसी के साथ साझा की गई एक तस्वीर के बाद सोशल मीडिया पर प्रतिक्रियाओं की बाढ़ आ गई। कुछ यूजर्स ने इसे वीआईपी संस्कृति से जोड़ते हुए तीखी टिप्पणियां कीं। देखते ही देखते यह नाराजगी व्यक्तिगत हमलों में बदल गई, जिसे Social Media Trolling Case के तौर पर देखा जा रहा है।
पति ने दर्ज कराई शिकायत, लगाए गंभीर आरोप
अभिनेत्री के पति और विधायक राज चक्रवर्ती ने टीटागढ़ थाने में शिकायत दर्ज कराते हुए कहा कि उनकी पत्नी को लगातार अपमानजनक और आपत्तिजनक टिप्पणियों का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह ट्रोलिंग सुनियोजित है और इसके पीछे राजनीतिक उकसावे की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता।
‘महिला होने की वजह से बनाया गया निशाना’
राज चक्रवर्ती ने इस पूरे मामले को लैंगिक नजरिए से भी जोड़ा। उनका कहना है कि अगर सुभाश्री एक महिला कलाकार नहीं होतीं, तो शायद उन्हें इस तरह की टिप्पणियों और मानसिक उत्पीड़न का सामना नहीं करना पड़ता। उन्होंने इसे Celebrity Harassment Issue बताते हुए गंभीर चिंता जताई।
सुरक्षा को लेकर क्या बोले विधायक
जब सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल पूछा गया, तो विधायक ने कहा कि वह खुद अपनी पत्नी की सुरक्षा के लिए पर्याप्त हैं। हालांकि, उन्होंने यह स्पष्ट नहीं किया कि शिकायत किन लोगों के खिलाफ दर्ज कराई गई है, यह कहते हुए कि जांच प्रक्रिया प्रभावित नहीं होनी चाहिए।
फैंस की नाराजगी से जुड़ता गया मामला
मेसी के कोलकाता दौरे के दौरान बड़ी संख्या में फुटबॉल प्रशंसक निराश दिखे थे। महंगे टिकट लेने के बावजूद उन्हें मैदान में अपने पसंदीदा खिलाड़ी को करीब से देखने का मौका नहीं मिला, जबकि कुछ चुनिंदा लोगों के साथ मेसी की तस्वीरें सामने आईं। इसी असंतोष की गूंज सोशल मीडिया तक पहुंची, जिसका असर इस विवाद में भी दिखा।
जांच के घेरे में ऑनलाइन व्यवहार
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और सोशल मीडिया गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है। यह मामला एक बार फिर सवाल खड़ा करता है कि क्या ऑनलाइन नाराजगी की सीमा किसी व्यक्ति की गरिमा तक पहुंचनी चाहिए।





