सीजी भास्कर, 19 सितंबर। रोज सुनाई देने वाली साइबर ठगी की कहानियां अब हर तबके तक पहुंच चुकी हैं। हैरानी की बात है कि इस बार ठगों ने उस व्यक्ति को भी नहीं छोड़ा जिसने पूरा जीवन अपराधियों को पकड़ने में गुजारा। पेंशन का पैसा जमा करने वाले खाते (Cyber Fraud) से एक क्लिक में 77 हजार रुपये उड़ गए और पूर्व पुलिस निरीक्षक को सिर्फ बैंक मैसेज पर भरोसा करना पड़ा।
घटना की शुरुआत एक साधारण से वाट्सएप मैसेज से हुई। अज्ञात नंबर से आया संदेश “यूनो एसबीआई एप अपडेट” करने की सलाह दे रहा था। जैसे ही लिंक खोला गया, मोबाइल फोन (Cyber Fraud) पर इंस्टॉलेशन की प्रक्रिया शुरू हुई और यही ठगी की सबसे बड़ी एंट्री बन गई।
राजधानी रायपुर के पीड़ित उन्नी नायर, जिन्होंने पुलिस विभाग में निरीक्षक (एम) के पद से सेवा पूरी की है, ने बताया कि उस समय उन्हें कई ओटीपी भी आए। उन्होंने किसी से साझा नहीं किया, लेकिन मोबाइल हैक हो जाने की वजह से सारे सुरक्षा कोड ठगों तक पहुंच गए। उसी शाम 6:11 बजे बैंक प्रोफाइल एक्सेस का अलर्ट आया। दुर्भाग्य से नायर उस वक्त संदेश नहीं देख पाए।
सुबह जब मोबाइल खोला तो बैंक से मैसेज मिला कि उनके खाते (Cyber Fraud) से 77,000 रुपये एमडी अराफत नामक व्यक्ति के खाते (पीएनबी, कोलकाता शाखा) में भेज दिए गए हैं। हड़बड़ी में उन्होंने तुरंत बैंक मैनेजर से संपर्क किया और थाना पंडरी मोवा पहुँचकर रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
साइबर हेल्पलाइन 1930 पर भी शिकायत की गई। तकनीकी टीम ने बैंक और मोबाइल डेटा की जांच शुरू कर दी है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ठगी (Cyber Fraud) का यह नया तरीका “ऐप अपडेट” के बहाने मोबाइल कंट्रोल करने का है। बैंकिंग सुरक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि वरिष्ठ नागरिक और पेंशनधारक सबसे आसान लक्ष्य बन रहे हैं। अपराधी न सिर्फ पैसों को निशाना बनाते हैं बल्कि मोबाइल का पूरा डेटा अपने कब्जे में ले लेते हैं।
पुलिस कर रही मामले की जांच
फिलहाल पुलिस ने तकनीकी टीम को अलर्ट कर दिया है और खाते से ट्रांसफर की गई रकम को ट्रैक करने की कोशिशें जारी हैं। पीड़ित का कहना है कि उन्होंने कभी सोचा भी नहीं था कि रिटायरमेंट के बाद उनकी मेहनत की पेंशन इस तरह ठगों के जाल में फंस जाएगी। मामला (Cyber Fraud) अब पूरे इलाके में चर्चा का विषय बन चुका है और लोगों को चेतावनी मिल रही है कि जरा सी लापरवाही जीवनभर की कमाई पर भारी पड़ सकती है।




