Delhi Blast Investigation उस समय नए मोड़ पर पहुंच गई, जब सुरक्षा एजेंसियों की संयुक्त टीम ने हल्द्वानी के बनभूलपुरा इलाके में एक त्वरित छापेमारी कर स्थानीय मस्जिद के इमाम मौलाना मोहम्मद आसिफ कासमी को हिरासत में लिया।
सूत्रों के मुताबिक, शुरुआती जानकारी के आधार पर उनसे पूछताछ दिल्ली में भी की जा सकती है, हालांकि उनकी भूमिका को लेकर अब तक कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है—इससे कयास और तीव्र हो गए हैं।
शहर में तैनाती बढ़ी, लोगों में चर्चा तेज
गिरफ्तारी के बाद बिलाली मस्जिद और आसपास की संवेदनशील गलियों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। कई चौक-चौराहों पर चेकिंग की तीव्रता भी बढ़ाई गई, जिससे रात तक पूरे इलाके में असामान्य गतिविधि दिखाई दी। अचानक हुए पुलिस मूवमेंट को लेकर लोग आपस में तरह-तरह के अनुमान लगा रहे हैं, जबकि प्रशासन ने शांति बनाए रखने की अपील की है।
इस कार्रवाई को Anti-Terror Network Scan का हिस्सा माना जा रहा है।
Delhi Blast Investigation : कॉल डिटेल्स ने खोला रास्ता, संदिग्ध कनेक्शन पर फोकस
जांच टीमों ने पिछले दिनों फोन रिकॉर्ड्स की गहन समीक्षा की थी, जिसमें मुख्य संदिग्ध उमर के हल्द्वानी कनेक्शन की पुष्टि होने के बाद यह ऑपरेशन शुरू हुआ। इसी आधार पर लोकल इंटेलिजेंस यूनिट और विशेष टीम ने संयुक्त रूप से छापेमारी की।
सुरक्षा एजेंसियां Suspect Communication Link का विश्लेषण कर रही हैं और संबंधित डिजिटल डेटा एकत्र किया जा रहा है।
कई गिरफ्तारियां, पूछताछ का दायरा और बढ़ेगा
जांच से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि अब तक इस मामले में कुल 8 गिरफ्तारी हो चुकी हैं—6 गिरफ्तारियां 20 नवंबर को और अन्य 2 हाल में हल्द्वानी से हुईं।
पूरे नेटवर्क को समझने के लिए टीमें लगातार एक-दूसरे से इनपुट साझा कर रही हैं और आगे भी कई लोगों से पूछताछ की संभावना है। यह पूरा मामला Terror Module Tracking के तहत तेज गति से आगे बढ़ रहा है।
रेड फोर्ट के पास हुआ था धमाका, कई बेगुनाहों की जान गई
गौरतलब है कि 10 नवंबर 2025 को दिल्ली के रेड फोर्ट के पास खड़े एक वाहन में हुए विस्फोट में 15 लोगों की मौत हो गई थी और कई नागरिक घायल हुए थे। जांच रिपोर्ट्स में इसे स्पष्ट रूप से आतंकी हमला बताया गया है।
एजेंसियों ने मुख्य आरोपी डॉ. उमर उन नबी को सुसाइड बॉम्बर के रूप में चिन्हित किया है और उसके संपर्क विदेशी संगठनों तक फैले होने का भी दावा किया गया है।
जांच अभी जारी है, और सुरक्षा एजेंसियों का मानना है कि आने वाले दिनों में कुछ महत्वपूर्ण खुलासे सामने आ सकते हैं।
