सीजी भास्कर 26 फ़रवरी Drug Peddler Navya Malik Assembly : रायपुर स्थित छत्तीसगढ़ विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान प्रदेश में नशीले पदार्थों की तस्करी को लेकर माहौल गर्म हो गया। विपक्ष ने ड्रग नेटवर्क पर सरकार से जवाब मांगा और आरोपियों की सूची को लेकर पारदर्शिता पर सवाल उठाए।
सूची में नाम न होने पर उठे सवाल
पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि बहुचर्चित ड्रग पैडलर नव्या मलिक का नाम आधिकारिक जवाब में दी गई आरोपियों की सूची से गायब है। उन्होंने पूछा कि जिस प्रकरण की चर्चा सार्वजनिक मंचों और जांच एजेंसियों तक में रही, उसका नाम दस्तावेज़ों से क्यों ओझल है।
‘किसके दबाव में नाम हटाया गया?’—सीधे आरोप
बहस के दौरान भूपेश बघेल ने यह भी सवाल किया कि नाम हटने के पीछे जिम्मेदारी किसकी है। क्या यह महज़ लापरवाही है या किसी स्तर पर संरक्षण का मामला? उन्होंने स्पष्ट कार्रवाई और जवाबदेही तय करने की मांग रखी।
मंत्री का जवाब—जांच कराएंगे
सरकार की ओर से मंत्री ने कहा कि उन्हें इस विसंगति की तत्काल जानकारी नहीं है और मामले की परीक्षण/जांच कराई जाएगी। सदन में आश्वासन दिया गया कि सूची में नाम न होने के कारणों की पड़ताल कर रिपोर्ट प्रस्तुत की जाएगी।
ड्रग मामलों पर पारदर्शिता की मांग तेज
सदन की कार्यवाही के बाद विपक्ष ने दोहराया कि ड्रग तस्करी जैसे गंभीर अपराधों में नामों का रिकॉर्ड साफ-साफ होना चाहिए, ताकि कार्रवाई पर भरोसा बने। सूत्रों के मुताबिक, संबंधित विभाग से विस्तृत रिपोर्ट मांगी गई है और आगे की कार्यवाही उसी के आधार पर तय होगी।






