छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में अफीम की अवैध खेती से जुड़ा एक बड़ा मामला सामने आया है। पुलिस की कार्रवाई में एक फार्महाउस से बड़ी मात्रा में अफीम के पौधे बरामद किए गए हैं। इस मामले में भाजपा नेता विनायक ताम्रकर समेत तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस के अनुसार खेत में करीब 5 एकड़ 62 डिसमिल जमीन पर अफीम की फसल उगाई जा रही थी। प्रारंभिक जांच में इस पूरे प्रकरण को (Durg Opium Farming Case) के तौर पर दर्ज किया गया है।
14 लाख से ज्यादा पौधे जब्त, करोड़ों की कीमत
कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम ने खेत से करीब 14 लाख 30 हजार अफीम के पौधे जब्त किए हैं। अधिकारियों के मुताबिक इन पौधों की अनुमानित कीमत लगभग 7.88 करोड़ रुपये आंकी गई है। पुलिस का कहना है कि इतने बड़े पैमाने पर की जा रही यह खेती लंबे समय से चल रही हो सकती है। जांच एजेंसियां अब पूरे मामले को (Illegal Opium Cultivation) से जोड़कर विस्तार से पड़ताल कर रही हैं।
गेट और बाउंसर के सहारे छिपाई गई खेती
जांच में यह भी सामने आया है कि जिस फार्महाउस में यह खेती की जा रही थी, वहां चारों ओर गेट लगाए गए थे और सुरक्षा के लिए बाउंसर भी तैनात किए गए थे। इससे आम लोगों का अंदर जाना लगभग असंभव था। डिजिटल सर्वे रिकॉर्ड में खेत में गेहूं और मक्का की फसल दिखाई गई थी, जबकि उसी की आड़ में अफीम उगाई जा रही थी। इस पूरे इंतजाम को पुलिस अब (Farmhouse Security Setup) के तहत संदिग्ध मानकर जांच कर रही है।
फरार आरोपियों की तलाश जारी
मामले में विनायक ताम्रकर के अलावा विकास बिश्नोई और फार्महाउस के मुंशी मनीष ठाकुर को गिरफ्तार किया गया है। वहीं दो अन्य आरोपी आंचला राम और श्रवण बिश्नोई फिलहाल फरार बताए जा रहे हैं। पुलिस की टीम उनकी तलाश में अलग-अलग जगहों पर दबिश दे रही है। साथ ही जमीन से जुड़े रिकॉर्ड और अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक पूरी जांच (Chhattisgarh Police Investigation) के तहत आगे बढ़ाई जा रही है।





