सीजी भास्कर, 18 नवंबर। रेलवे सुरक्षा को और अधिक मजबूत बनाने तथा अपराधों (Durg Range Police) पर नियंत्रण के लिए दुर्ग रेंज के पुलिस महानिरीक्षक रामगोपाल गर्ग की अध्यक्षता में आज पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय के सभागार में रेंज स्तरीय संयुक्त बैठक आयोजित की गई।
बैठक में GRP, RPF और जिला पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी शामिल हुए। बैठक का मुख्य उद्देश्य रेलवे स्टेशनों एवं परिसरों में यात्रियों की सुरक्षा बढ़ाना, अपराध रोकथाम के लिए समन्वित रणनीति तैयार करना तथा बदलते समय के साथ उत्पन्न हो रही नई चुनौतियों के प्रति त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया विकसित करना था।
बैठक के प्रारंभ में IG गर्ग ने स्पष्ट कहा कि रेलवे स्टेशन एवं परिसर की सुरक्षा सीधे यात्रियों के विश्वास से जुड़ी है। उन्होंने GRP–RPF–जिला पुलिस के बीच आपसी तालमेल को मजबूत करने पर जोर दिया और कहा कि “समन्वय जितना सुदृढ़ होगा, उतनी ही दक्षता से अपराध (Durg Range Police) नियंत्रण के लक्ष्य प्राप्त होंगे।”
उन्होंने रेलवे स्टेशनों एवं पार्किंग क्षेत्रों में सशक्त ऐप के माध्यम से वाहनों की अनिवार्य जांच करने, त्रिनयन ऐप का प्रभावी उपयोग बढ़ाने तथा साइबर प्रहरी कार्यक्रम के माध्यम से यात्रियों में साइबर जागरूकता फैलाने के निर्देश दिए।
बैठक में मानव तस्करी और मादक पदार्थ तस्करी (Durg Range Police) पर विशेष ध्यान देते हुए सभी एजेंसियों को संयुक्त कार्रवाई, विशेष निगरानी और नियमित चेकिंग अभियान संचालित करने के निर्देश दिए गए। IG ने कहा कि कई गंभीर अपराधों में आरोपी रेलवे मार्ग का उपयोग कर फरार होते हैं, इसलिए ट्रैक आधारित मॉनिटरिंग और त्वरित प्रतिक्रिया तंत्र को और मजबूत किया जाए।
सुरक्षा बढ़ाने हेतु यह निर्णय लिया गया कि RPF–GRP टिकट काउंटरों, प्लेटफ़ॉर्म और परिसर में संदिग्ध व्यक्तियों की नियमित चेकिंग करेंगे। स्थानीय पुलिस व BDS टीम के साथ संयुक्त मॉक ड्रिल आयोजित की जाएगी तथा साइबर अपराधों से बचाव के लिए लगातार जागरूकता कार्यक्रम चलाए जाएंगे। नशे की प्रवृत्ति वाले व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें पुनर्वास केंद्र भेजने की प्रक्रिया भी तेज की जाएगी।
बैठक में विशेष रूप से पुलिस अधीक्षक GRP मती श्वेता वास्तव सिन्हा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक दुर्ग अभिषेक झा, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक बालोद मती मोनिका ठाकुर (ऑनलाइन), डीएसपी मती शिल्पा साहू, डीएसपी GRP एस.एन. अख्तर, RPF दुर्ग प्रभारी संजीव कुमार सिन्हा, RPF भिलाई–3 प्रभारी मनीष कुमार, GRP चौकी दुर्ग प्रभारी राजेश मिश्रा सहित अनेक अधिकारी उपस्थित थे।
यह संयुक्त रणनीति रेलवे यात्रियों की सुरक्षा, अपराध रोकथाम और साइबर सुरक्षा जागरूकता को अधिक प्रभावी बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।






