सीजी भास्कर, 01 नवंबर। जिले में इन दिनों धान की कटाई जोरों पर है, लेकिन लगातार हो रही बेमौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है। खेतों में कटाई के बाद रखी धान की फसल भीगने से नुकसान की संभावना बनी हुई है। प्रशासन ने किसानों को सतर्क करते हुए निर्देश दिया है कि जिन किसानों (Farmers Complaint) की कटी हुई फसल को बारिश से क्षति पहुँची है, वे 72 घंटे के भीतर अपनी शिकायत बीमा कंपनी में दर्ज करें।
इसके लिए किसान टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 14447 पर संपर्क कर सकते हैं। वहीं, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना (PMFBY) के व्हाट्सएप चैटबॉट नंबर 7065514447 के माध्यम से भी शिकायत भेजी जा सकती है।
शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया
अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि बीमा दावा केवल कटी हुई फसल के नुकसान पर ही स्वीकार किया जाएगा। खड़ी फसल के नुकसान के लिए योजना में कोई प्रावधान नहीं है। कृषि विभाग (Farmers Complaint) और राजस्व विभाग के अधिकारी बीमा कंपनी के साथ मिलकर इन शिकायतों का मैदानी निरीक्षण करेंगे।
किसानों से अपील की गई है कि वे समय सीमा के भीतर नुकसान की जानकारी दें, ताकि उन्हें फसल बीमा योजना का पूरा लाभ मिल सके और आर्थिक नुकसान से राहत मिल सके।
प्रशासन की अपील
प्रशासनिक अधिकारियों ने कहा है कि बेमौसम वर्षा की स्थिति में कटाई के बाद फसल को खुले में न छोड़ें और यथासंभव ढंककर रखें। फसल क्षति की सूचना तुरंत दर्ज कराने से क्लेम प्रोसेस जल्दी शुरू हो सकेगा, जिससे किसानों (Farmers Complaint) को मुआवजा समय पर प्राप्त होगा।
किसानों के लिए जरूरी जानकारी
शिकायत दर्ज करने की समयसीमा: 72 घंटे के भीतर
टोल-फ्री नंबर: 14447
पीएम फसल बीमा योजना व्हाट्सएप नंबर: 7065514447
शिकायत केवल कटी फसल के लिए मान्य
निरीक्षण: कृषि एवं राजस्व विभाग के अधिकारी


