गरियाबंद के स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम स्कूल में चल रहे Gariaband Atmanand School Dispute ने शुक्रवार को बड़ा मोड़ ले लिया। छात्रों के खुले विरोध और कलेक्ट्रेट तक पहुंचे प्रदर्शन के बाद शिक्षा विभाग ने त्वरित कार्रवाई करते हुए स्कूल की प्राचार्य वंदना पांडेय को तत्काल प्रभाव से पद से हटा दिया।
जिला शिक्षा अधिकारी, गरियाबंद द्वारा जारी आदेश में पूर्व में जारी बहाली आदेश को निरस्त करते हुए प्राचार्य को आगामी आदेश तक अन्यत्र पदस्थ करने का उल्लेख किया गया है। आदेश की प्रतिलिपि संबंधित शासकीय विभागों को भी भेजी गई है, जिससे प्रशासनिक स्तर पर स्थिति स्पष्ट मानी जा रही है।

प्राचार्य की दोबारा पदस्थापना के बाद स्कूल परिसर में असंतोष तेजी से बढ़ा। सैकड़ों छात्र करीब दो किलोमीटर पैदल मार्च करते हुए गरियाबंद कलेक्ट्रेट पहुंचे और प्रबंधन के खिलाफ जोरदार नारेबाजी की। इस Student Protest ने पूरे जिले का ध्यान आकर्षित किया।
छात्रों ने प्राचार्य पर व्यवहार, कार्यशैली, इंटर्नशिप राशि में कथित कट-मनी और मानसिक दबाव जैसे आरोप लगाए। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है, लेकिन छात्रों का कहना है कि लंबे समय से उनकी शिकायतों को नजरअंदाज किया जा रहा था।

स्थिति बिगड़ती देख प्रशासन ने मामले को और तूल पकड़ने से रोकने के लिए त्वरित निर्णय लिया। शिक्षा विभाग का मानना है कि यह कदम स्कूल के शैक्षणिक वातावरण को सामान्य बनाए रखने के उद्देश्य से उठाया गया है।
प्राचार्य को हटाए जाने के बाद स्कूल में स्थिति फिलहाल सामान्य बताई जा रही है। वहीं शिक्षा विभाग ने पूरे प्रकरण की विस्तृत जांच प्रक्रिया जारी रखने की बात कही है, ताकि सभी तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जा सके।





