सीजी भास्कर, 22 मार्च। IDBI Bank में सरकार अब सार्वजनिक हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए बड़ा कदम (Government Stake IDBI Bank) उठा सकती है। खबर है कि केंद्र सरकार ‘ऑफर फॉर सेल’ (OFS) के जरिए अपनी हिस्सेदारी का कुछ हिस्सा बाजार में बेचने पर विचार कर रही है।
क्यों लिया जा सकता है OFS का फैसला?
सूत्रों के अनुसार, बैंक में फिलहाल पब्लिक शेयरहोल्डिंग केवल 5.29% है, जो काफी कम मानी जाती है। कम फ्री-फ्लोट के कारण शेयर का सही वैल्यूएशन करना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में इसे बढ़ाकर 10–15% तक ले जाने की योजना पर विचार किया जा रहा है, ताकि शेयर की कीमत अधिक पारदर्शी और वास्तविक हो सके।
सरकार और LIC के पास कितनी हिस्सेदारी?
इस समय Government of India के पास IDBI Bank में 45.48% हिस्सेदारी (Government Stake IDBI Bank) है, जबकि Life Insurance Corporation of India के पास 49.24% हिस्सेदारी है। यानी कुल मिलाकर बैंक का कंट्रोल LIC और सरकार के पास ही है।
पहले फेल हो चुकी है हिस्सेदारी बिक्री की कोशिश
हाल ही में सरकार और LIC ने मिलकर अपनी 60.72% हिस्सेदारी बेचने की कोशिश की थी, लेकिन यह प्रक्रिया सफल नहीं हो पाई। बताया गया कि संभावित खरीदारों की वित्तीय बोली रिजर्व प्राइस से कम थी, जिसके चलते डील रद्द कर दी गई।
दो चरणों में हो सकता है OFS
जानकारों का कहना है कि सरकार OFS को एक या दो चरणों में लागू कर (Government Stake IDBI Bank) सकती है। इसके बाद रणनीतिक बिक्री (Strategic Sale) का विकल्प भी खुला रखा जा सकता है।
शेयर बाजार में क्या हाल?
शुक्रवार को IDBI Bank के शेयर में 4.21% की तेजी देखने को मिली और यह 73.10 रुपये पर बंद हुआ। हालांकि, यह अभी भी अपने 52 हफ्तों के उच्च स्तर 118.45 रुपये से काफी नीचे है और लो रेंज के आसपास ही ट्रेड कर रहा है।


