सीजी भास्कर, 8 दिसंबर। जिले में पारिवारिक विवादों के समाधान को लेकर दुर्ग पुलिस ने एक महत्वपूर्ण और नई पहल शुरू की है। महिला थाना अब पुरुष पक्ष की शिकायतों (Husband Harassment) पर भी सुनवाई करेगा। रविवार को वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक दुर्ग विजय अग्रवाल की मौजूदगी में इस विशेष व्यवस्था का औपचारिक शुभारंभ किया गया।
पारिवारिक परामर्श केंद्र में पुरुषों की शिकायतों, समस्याओं और प्रताड़ना से जुड़े मामलों के समाधान हेतु पुरुष काउंसलरों की नियुक्ति कर उन्हें विधिक सहायता उपलब्ध कराई गई है। प्रारंभिक दिन पर ही कुल आठ पुरुष आवेदकों की शिकायतों पर (Husband Harassment) काउंसलिंग की गई।
एसएसपी दुर्ग ने बताया कि अक्सर पुरुष आवेदक यह कहते रहे हैं कि महिला परामर्श केंद्र में केवल महिलाओं की बातों को प्राथमिकता मिलती है, जबकि पुरुषों का पक्ष सामने नहीं आ पाता। इसी स्थिति को ध्यान में रखकर पारिवारिक रिश्तों को संवारने और विवाद को कम करने के उद्देश्य से पुरुष आवेदकों की सुनवाई की व्यवस्था लागू की गई है। इस फैसले के साथ पुरुषों के मानसिक, पारिवारिक और सामाजिक तनाव पर गंभीरता से विचार करते हुए उन्हें कानूनी समाधान उपलब्ध कराया जाएगा। शुरुआती दिन ही आठ पुरुषों की शिकायतें सुनी गईं।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक ने स्वयं आवेदकों की बात सुनी (Husband Harassment) और दोनों पक्षों को निष्पक्ष, शांत और सम्मानजनक तरीके से विधिक सलाह देने के निर्देश दिए। पुलिस के अनुसार, प्रत्येक रविवार पुरुषों के पारिवारिक विवाद, घरेलू प्रताड़ना और वैवाहिक समस्याओं से जुड़े सभी आवेदनों का निराकरण किया जाएगा। पुरुषों को मानसिक शांति, कानूनी मार्गदर्शन और पारिवारिक समाधान दिलाना इस काउंसलिंग केंद्र का प्रमुख उद्देश्य होगा ।
काउंसलिंग टीम में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (सेवानिवृत्त) अशोक जोशी पुरुष काउंसलर के रूप में नियुक्त किए गए हैं, जबकि महिला काउंसलर रत्ना डाकलिया और मोनिका सिंह भी टीम में शामिल रहीं। इस अवसर पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (आईयूसीएडब्यू) पद्मश्री तंवर, उप पुलिस अधीक्षक (आईयूसीएडब्यू) भारती मरकाम, थाना प्रभारी महिला थाना नीता राजपूत सहित पुलिस विभाग का स्टाफ उपस्थित रहा।


