सीजी भास्कर 2 मार्च Man-Eater Tiger Attack CG: छत्तीसगढ़-महाराष्ट्र बॉर्डर से सटे मोहला-मानपुर जिले के औंधी तहसील इलाके में आदमखोर बाघ की मौजूदगी से गांवों में खौफ फैल गया है। वन विभाग के मुताबिक, बाघ पहले महाराष्ट्र में एक ग्रामीण की जान ले चुका है, जबकि छत्तीसगढ़ सीमा में घुसकर मवेशियों पर हमला कर चुका है। लगातार सामने आ रही घटनाओं ने इलाके को (Human Wildlife Conflict) का हॉटस्पॉट बना दिया है।
दक्षिण वन परिक्षेत्र में दो वारदातें
दक्षिण वन परिक्षेत्र के अधिकारियों के अनुसार, 12 फरवरी को औंधी तहसील के ग्राम गहनगट्टा में एक पालतू मवेशी पर हमला हुआ। इसके कुछ ही दिन बाद सीमा पार, महाराष्ट्र के मुरूमगांव वन क्षेत्र से सटे मार्ग पर एक ग्रामीण पर जानलेवा हमला हुआ। दोनों घटनाएं आपस में जुड़ी बताई जा रही हैं और (Mohla Manpur Tiger) की मूवमेंट को लेकर अलर्ट जारी किया गया है।
मेले से लौटते वक्त बना शिकार
जानकारी के मुताबिक, महाराष्ट्र के केहेकवाही गांव निवासी बुधु सिंह उसेंडी मेले से लौटते समय उमरपाल से पैदल अपने गांव जा रहे थे। रास्ते में अंधेरे और जंगल से सटे हिस्से में बाघ ने उन पर हमला कर दिया। घटना के बाद आसपास के गांवों में रात के समय निकलने को लेकर डर बैठ गया है। वन विभाग ने इस घटना को (Maharashtra Tiger Attack) से जोड़कर देखा है।
वन विभाग का अलर्ट और गश्त तेज
वन परिक्षेत्र अधिकारी अजय राजपूत ने बताया कि सीमा क्षेत्र में गश्त बढ़ा दी गई है, ट्रैकिंग टीम तैनात की गई है और कैमरा ट्रैप लगाए जा रहे हैं। ग्रामीणों को अकेले जंगल की ओर न जाने, रात में आवाजाही से बचने और संदिग्ध मूवमेंट दिखने पर तुरंत सूचना देने की सलाह दी गई है। यह एडवाइजरी (CG Forest Alert) के तहत जारी की गई है।
ग्रामीणों में चिंता, प्रशासन से ठोस कदम की मांग
लगातार घटनाओं के बाद ग्रामीणों में भय का माहौल है। लोगों की मांग है कि बाघ की मूवमेंट को ट्रैक कर जल्द से जल्द उसे जंगल के सुरक्षित हिस्से में शिफ्ट किया जाए। प्रशासन का कहना है कि मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के लिए अतिरिक्त बल और उपकरण लगाए जा रहे हैं, ताकि भविष्य में किसी जान का नुकसान न हो।






