सीजी भास्कर 19 दिसम्बर तिल्दा नेवरा थाना क्षेत्र के सुभाष वार्ड-15 में बुधवार को उस वक्त हड़कंप मच गया, जब रेत के ढेर के बीच एक युवक का खून से सना शव मिला। मृतक की पहचान नेवरा निवासी ललित यादव के रूप में हुई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर जांच शुरू की। शुरुआती जांच में ही मामला Raipur Murder Case के रूप में दर्ज किया गया।
धारदार हथियार से पेट पर वार, मौके पर ही मौत
पुलिस जांच में सामने आया कि ललित यादव के पेट के दाहिने हिस्से पर धारदार हथियार से गहरा वार किया गया था। चोट इतनी गंभीर थी कि युवक की मौके पर ही मौत हो गई। शव की स्थिति और खून के निशान यह साफ संकेत दे रहे थे कि हत्या बेहद बेरहमी से की गई (brutal stabbing incident)।
एंटी क्राइम यूनिट की एंट्री, जांच में जुटी संयुक्त टीम
घटना की गंभीरता को देखते हुए तिल्दा नेवरा थाना पुलिस के साथ एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट को भी जांच में लगाया गया। आसपास के लोगों से पूछताछ की गई, इलाके के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई और मुखबिरों को सक्रिय किया गया, जिससे जांच को अहम दिशा मिली (crime investigation Raipur)।
आखिरी बार दो नाबालिगों के साथ देखा गया मृतक
जांच के दौरान पुलिस को अहम सुराग मिला कि ललित यादव को आखिरी बार मोहल्ले के ही दो नाबालिग लड़कों के साथ देखा गया था। इस इनपुट के आधार पर पुलिस ने दोनों को हिरासत में लिया और सख्ती से पूछताछ शुरू की, जिसके बाद पूरा घटनाक्रम सामने आया।
मोबाइल और बीड़ी से बढ़ा विवाद, हत्या में बदला गुस्सा
पूछताछ में नाबालिगों ने कबूल किया कि उन्होंने पहले ललित से मोबाइल फोन मांगा था। ललित ने फोन में सिम न होने की बात कहकर मना कर दिया। इसके बाद बीड़ी की मांग की गई, जिस पर भी इनकार हुआ। इसी बात पर विवाद बढ़ गया और गुस्से में आकर दोनों ने धारदार हथियार से हमला कर दिया, जिससे ललित की जान चली गई (minor crime case)।
नाबालिग हिरासत में, आगे की कार्रवाई जारी
पुलिस ने दोनों नाबालिगों को विधि अनुसार हिरासत में ले लिया है और किशोर न्याय अधिनियम के तहत आगे की प्रक्रिया की जा रही है। मामले में हत्या में इस्तेमाल हथियार की बरामदगी और घटनास्थल से जुड़े अन्य तकनीकी साक्ष्यों की जांच भी जारी है। पुलिस का कहना है कि केस की हर कड़ी को मजबूती से जोड़ा जा रहा है।





