सीजी भास्कर, 10 अक्टूबर। दिल्ली हाई कोर्ट में दिवंगत उद्योगपति संजय कपूर (Sanjay Kapoor Property Dispute) की कथित तौर पर 30 हजार करोड़ रुपये की संपत्ति को लेकर चल रहे विवाद में गुरुवार को नया मोड़ आ गया। अभिनेत्री करिश्मा कपूर के बच्चों ने अपने पिता की वसीयत को चुनौती देते हुए अपनी सौतेली मां प्रिया कपूर पर गंभीर आरोप लगाए हैं। कोर्ट में करिश्मा के बच्चों की ओर से पेश हुए अधिवक्ता ने प्रिया कपूर को लालची बताते हुए कहा कि उन्हें संजय कपूर की संपत्ति का 60 प्रतिशत हिस्सा मिला है, जबकि उनके मुवक्किल को केवल 12 प्रतिशत ही हिस्सा दिया गया है।
पूरी वसीयत संदिग्ध, फर्जीवाड़ा हुआ Sanjay Kapoor Property Dispute
बच्चों की ओर से वकील ने यह भी दावा किया कि प्रिया कपूर (Sanjay Kapoor Property Dispute) को पारिवारिक ट्रस्ट का 75 प्रतिशत हिस्सा भी मिला है। उन्होंने कहा कि यह पूरी वसीयत संदिग्ध लगती है और इसमें फर्जीवाड़ा हुआ है। कोर्ट में बच्चों की ओर से यह टिप्पणी की गई कि “प्रिया कपूर ‘सिंड्रेला’ की सौतेली मां की तरह व्यवहार कर रही हैं,” जो वाल्ट डिज़्नी की प्रसिद्ध फिल्म Cinderella से जुड़ा संदर्भ है, जिसमें सौतेली मां मुख्य किरदार के साथ अमानवीय व्यवहार करती है।
जांच के लिए पर्याप्त साक्ष्य मौजूद Sanjay Kapoor Property Dispute
इससे पहले अदालत ने प्रिया कपूर को उनकी संपत्ति की सूची सीलबंद लिफाफे में दाखिल करने की अनुमति दी थी और दोनों पक्षों को मीडिया के साथ विवरण साझा न करने की सलाह दी थी। करिश्मा कपूर के बच्चों की याचिका में यह आरोप लगाया गया है कि दस्तावेज़ों में जालसाजी की गई है और जांच के लिए पर्याप्त साक्ष्य मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि अदालत को यह जांच करनी चाहिए कि वसीयत कब, कैसे और किसकी मौजूदगी में तैयार की गई थी।
मामले की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर को
करिश्मा के बच्चों की ओर से पेश अधिवक्ता ने वसीयत की प्रामाणिकता पर सवाल उठाते हुए कहा कि प्रथम दृष्टया ऐसा प्रतीत होता है कि संजय कपूर ने वर्तमान वसीयत बनाते समय किसी वकील से सलाह नहीं ली थी, जबकि इतनी बड़ी संपत्ति के मामले में यह असंभव है कि उन्होंने किसी विधिक विशेषज्ञ से परामर्श न लिया हो। अदालत ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कहा कि मामले की अगली सुनवाई 13 अक्टूबर को होगी। यह विवाद न केवल बॉलीवुड और कारोबारी जगत का ध्यान आकर्षित कर रहा है, बल्कि यह देश के सबसे बड़े संपत्ति विवादों में से एक बनता जा रहा है।





