सीजी भास्कर, 22 जनवरी। 22 जनवरी को सरकार की तरफ से तंबाकू और पान मसाले (Tobacco Ban) को लेकर बड़ा फैसला लिया गया है। बीड़ी, सिगरेट, गुटखा, तंबाकू, खैनी और जर्दा जैसी सभी चीजों पर पूरी तरह से प्रतिबंध लगा दिया है। अब इस राज्य में किसी भी तरह का प्रोडक्शन, पैकेजिंग, डिस्ट्रीब्यूशन और बेचने पर भी राज्य में प्रतिबंध लगा दिया गया है। राज्य के स्वास्थ्य विभाग ने नोटिफिकेशन जारी करते हुए सभी नियमों के बारे में विस्तार से बताया है।
(Tobacco Ban) क्या है तंबाकू बैन प्रोडक्ट्स की लिस्ट
बता दें, बैन ज्यादातर मुंह से इस्तेमाल होने वाले तंबाकू प्रोडक्ट्स पर फोकस किया गया है। फिर वे किसी भी तरह से कंज्यूम किए जा रहे हों। इसमें गुटखा, पान मसाला, जर्दा, खैनी, फ्लेवर्ड, सेंटेड या एडिटिव्स मिले चबाने वाले प्रोडक्ट्स, पैकेज्ड और अनपैकेज्ड तंबाकू प्रोडक्ट्स, अलग-अलग पैकेट वाले प्रोडक्ट्स, जिनको खाने के लिए एक साथ मिलाया जाता है। साथ ही कोई भी फूड प्रोडक्ट जिसमें निकोटीन या तंबाकू मिला हो। इन सभी चीजों पर बैन लगा दिया गया है।
क्यों किया गया है तंबाकू प्रोडक्ट्स को बैन?
ओडिशा के स्वास्थ्य विभाग के मुताबिक, जर्दा, खैनी, गुटखा और तंबाकू से संबंधित उत्पादों का सेवन कैंसर की सबसे बड़ी वजह है। साथ ही पान मसाला, पान, सुपारी, धुआं पत्ता जैसी चीजें भी स्वास्थ्य के लिए बहुत ही ज्यादा हानिकारक होते हैं। इंटरनेशनल एजेंसी फॉर रिसर्च ऑन कैंसर और डब्ल्यूएचओ ने इन्हें कैंसर पैदा करने वाला बताया है। साथ ही मुंह, गले, पेट, किडनी, फेफड़े के कैंसर का खतरा भी बहुत ही ज्यादा बढ़ जाता है।
तंबाकू मुक्त ओडिशा का संकल्प
तंबाकू बैन करने का फैसला सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों और फूड सेफ्टी एंड स्टैडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (एफएसएसएआई) के नियमों के मुताबिक लिया गया है। हेल्थ एंड फैमिली वेलफेयर डिपार्टमेंट ने प्रतिबंधों का नोटिफिकेशन जारी किया गया है। सरकार की तरफ से लोगों से अपील किया गया है कि वे नियमों का पालन करें और तंबाकू मुक्त ओडिशा बनाने में मदद करें।


