सीजी भास्कर, 08 फरवरी। बस्तर में अब बदलाव की तस्वीर साफ दिखाई देने (Vijay Sharma Chhattisgarh) लगी है, जहां हिंसा के रास्ते से लौटे युवाओं के लिए सरकार नई राह बना रही है। बंदूक छोड़ चुके हाथों में अब तकनीक सौंपी जा रही है, ताकि ये युवा आत्मनिर्भर बनकर समाज की मुख्यधारा में सम्मान के साथ आगे बढ़ सकें।
यह कार्यक्रम जगदलपुर में आयोजित किया गया, जहां विजय शर्मा ने सरेंडर कर चुके नक्सल प्रभावित युवाओं को प्रोत्साहित किया। बीजापुर जिले के 30 पुनर्वासित युवाओं को, जिन्होंने फूड एंड बेवरेज सेक्टर का विशेष प्रशिक्षण प्राप्त किया है, टूलकिट के साथ स्मार्टफोन वितरित किए गए। इस अवसर पर सभी युवाओं को प्रशिक्षण पूर्ण करने का प्रमाण पत्र भी सौंपा गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि स्मार्टफोन आज केवल बातचीत का साधन नहीं रह गया है, बल्कि यह सीखने, कमाने और आगे बढ़ने का मजबूत माध्यम (Vijay Sharma Chhattisgarh) बन चुका है। सरकार का उद्देश्य इन युवाओं को तकनीक से जोड़कर आत्मनिर्भर बनाना और उन्हें समाज की सकारात्मक धारा में स्थापित करना है।
उन्होंने बताया कि राज्य सरकार द्वारा शुरू की गई होम-स्टे योजना के तहत ग्रामीण परिवार खेती-किसानी के साथ-साथ पर्यटन से भी आय अर्जित कर सकते हैं। होटल मैनेजमेंट और फूड एंड बेवरेज का प्रशिक्षण प्राप्त ये युवा होम-स्टे संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं, जिससे उन्हें गांव में ही रोजगार के अवसर मिलेंगे।
सरकार का मानना है कि पुनर्वास केवल आत्मसमर्पण तक सीमित नहीं होना (Vijay Sharma Chhattisgarh) चाहिए, बल्कि स्थायी रोजगार, कौशल और सम्मानजनक जीवन की दिशा में ठोस कदम उठाना जरूरी है। यही वजह है कि बस्तर क्षेत्र में अब विकास, प्रशिक्षण और आत्मनिर्भरता को प्राथमिकता दी जा रही है।




