CG BhaskarCG Bhaskar
Aa
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Aa
CG BhaskarCG Bhaskar
Search
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Follow US
Home » छत्तीसगढ़ में फिर बदला मौसम का मिजाज: रायपुर में रुक-रुककर बारिश, 33 जिलों में यलो अलर्ट जारी

छत्तीसगढ़ में फिर बदला मौसम का मिजाज: रायपुर में रुक-रुककर बारिश, 33 जिलों में यलो अलर्ट जारी

By Newsdesk Admin 30/06/2025
Share

सीजी भास्कर, 30 जून |

मौसम विभाग ने छत्तीसगढ़ के सभी जिलों में आज यलो अलर्ट जारी किया है। रायपुर समेत 11 जिलों भारी बारिश हो सकती है। बाकी जिलों में बादल छाए रह सकते हैं। कहीं-कहीं गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। इस बीच सरगुजा और बस्तर संभाग के लिए अलर्ट जारी किया गया था। यहां 30-40 किमी की रफ्तार से हवा चल सकती है। बौछारें पड़ सकती है। बिजली गिर सकती है।

पिछले 24 घंटे की बात करें तो राज्य के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई, बलरामपुर जिले के कुछ क्षेत्रों में भारी वर्षा हुई है। वहीं तापमान की बात करें तो राजनांदगांव में अधिकतम तापमान 31.0 डिग्री सेल्सियस और पेण्ड्रारोड में न्यूनतम तापमान 19.7 डिग्री सेल्सियस रहा।

बलरामपुर में 50 मिलीमीटर बरसा पानी

  • पिछले 24 घंटों मे चांदों में 70 मिलीमीटर, बलरामपुर में 50 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई।
  • सुकमा, बागबाहरा, गंगालूर, चंद्रपुर, नांदघाट, कोमाखान, पिथौरा में 30 मिली मीटर
  • सरायपाली, दुर्ग, अजगरबहार, वाड्रफनगर, बटोली, सरिया, पल्लारी, कोरबा, रायपुर सहित कई अन्य जगहों पर 10 से 20 मिली मीटर बारिश हुई

सामान्य से 24% कम बरसा पानी, बलरामपुर में सबसे ज्यादा

1 जून से 27 जून तक प्रदेश में 122.2 MM बारिश हो चुकी है। जून में इस समय तक 160.9 MM बारिश रिकॉर्ड की जाती है। इस लिहाज से अब तक बारिश लगभग 24% कम हुई है। सबसे ज्यादा बारिश बलरामपुर में हुई है।

यहां सामान्य से लगभग 115.5% प्रतिशत ज्यादा बारिश हुई है। दरअसल जिले में जून में अब तक 245.7 MM पानी बरस चुका है। जबकि सामान्य तौर पर 114 MM पानी ही गिरता है।

राजनांदगांव में कम बरसा पानी

सबसे कम बारिश राजनांदगांव और सुकमा में हुई है। यहां सामान्य से लगभग 80% कम बारिश दर्ज की गई है। जिले में अब तक 31.8 MM पानी बरसा है। जबकि इस महीने सामान्य तौर पर अब तक 159.9 मिमी पानी बरस जाना चाहिए था।

वहीं सुकमा में लगभग 69% कम बारिश हुई है। जिले में अब तक 69 MM पानी बरसा है। जबकि इस महीने सामान्य तौर पर अब तक 181 मिमी पानी बरस जाना चाहिए था।

प्रदेश के आंकड़ों पर ओवरऑल बात करें तो एक जिले में सामान्य से बहुत अधिक पानी गिरा है। तीन जिलों में सामान्य से अधिक पानी गिरा है। आठ जिलों में सामान्य पानी गिरा है। 19 जिलों में नॉर्मल से कम पानी बरसा है। दो जिलों में सामान्य से बहुत कम बारिश हुई है।

मई में 374 फीसदी ज्यादा बारिश हुई थी

पिछले माह लगातार बने सिस्टम और करीब 14 दिन पहले आए मानसून ने पूरे छत्तीसगढ़ में मई महीने में जमकर बारिश कराई। इस दौरान औसत से 373 फीसदी ज्यादा पानी गिर गया। इसके बाद से मानसून पिछले करीब 12 दिनों से ठहरा है। यह आगे ही नहीं बढ़ रहा है।

छत्तीसगढ़ में 22 मई से 28 मई के बीच 53.51 मिलीमीटर औसत बारिश हो चुकी है। प्रदेश में मानसून में औसतन 1200 मिलीमीटर पानी बरसता है। पिछले साल 1276.3 MM पानी गिरा था।

पिछले साल के मुकाबले तापमान कम

हालांकि इस बार की स्थित पिछले साल के मुकाबले बेहतर है। साल 2024 में जून का अधिकतम तापमान 45.7°C था, जो 1 जून को दर्ज किया गया था। जबकि इस साल अधिकतम तापमान अब तक 42 से 43°C के आस-पास ही रहा है।

वहीं सबसे कम न्यूनतम तापमान 23.5°C 19 जून को रिकॉर्ड किया गया था। पिछले साल जून में पूरे महीने के औसत तापमान की बात करें तो 38.6°C रहा था। वहीं न्यूनतम औसतन तापमान 27.7°C दर्ज किया गया था।

लंबा रह सकता है मानसून

मानसून के केरल पहुंचने की सामान्य तारीख 1 जून है। इस साल 8 दिन पहले यानी 24 मई को ही केरल पहुंच गया था। मानसून के लौटने की सामान्य तारीख 15 अक्टूबर है। अगर इस साल अपने नियमित समय पर ही लौटता है तो मानसून की अवधि 145 दिन रहेगी। इस बीच मानसून ब्रेक की स्थिति ना हो तो जल्दी आने का फायदा मिलता सकता है।

इसलिए बिजली गिरती है

दरअसल, आसमान में विपरीत एनर्जी के बादल हवा से उमड़ते-घुमड़ते रहते हैं। ये विपरीत दिशा में जाते हुए आपस में टकराते हैं। इससे होने वाले घर्षण से बिजली पैदा होती है और वह धरती पर गिरती है। आकाशीय बिजली पृथ्वी पर पहुंचने के बाद ऐसे माध्यम को तलाशती है जहां से वह गुजर सके।

अगर यह आकाशीय बिजली, बिजली के खंभों के संपर्क में आती है तो वह उसके लिए कंडक्टर (संचालक) का काम करता है, लेकिन उस समय कोई व्यक्ति इसकी परिधि में आ जाता है तो वह उस चार्ज के लिए सबसे बढ़िया कंडक्टर का काम करता है। जयपुर में आमेर महल के वॉच टावर पर हुए हादसे में भी कुछ ऐसा ही हुआ।

आकाशीय बिजली से जुड़े कुछ तथ्य जो आपके लिए जानना जरूरी

  • आकाशीय बिजली का तापमान सूर्य के ऊपरी सतह से भी ज्यादा होता है। इसकी क्षमता तीन सौ किलोवॉट अर्थात 12.5 करोड़ वॉट से ज्यादा चार्ज की होती है। यह बिजली मिली सैकेंड से भी कम समय के लिए ठहरती है।
  • यह मनुष्य के सिर, गले और कंधों को सबसे ज्यादा प्रभावित करती है।
  • दोपहर के वक्त इसके गिरने की आशंका ज्यादा होती है।

आकाशीय बिजली से जुड़े मिथ

  • आकाशीय बिजली के एक चीज पर दो बार नहीं गिरती।
  • रबर, टायर या फोम इससे बचाव कर सकते हैं।-अगर कोई नाव चला रहा हो तो बाहर आ जाना चाहिए।
  • लम्बी चीजें आकाशीय बिजली से बचाव करती हैं।

You Might Also Like

Jal Jeevan Mission Transfers : पीएचई विभाग में बड़े पैमाने पर तबादले, 34 वरिष्ठ अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी

Oil Palm Farming Subsidy : ऑयल पाम खेती को प्रोत्साहन, अतिरिक्त अनुदान से किसानों की आय बढ़ाने की पहल

CM Vishnu Deo Sai : कर्मचारियों की निष्ठा से ही धरातल पर उतरती हैं सरकारी नीतियां : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

Aadhaar Update : रविवार को भी खुले रहेंगे डाकघर, तीन जिलों में मिलेगी आधार सेवाओं की सुविधा

Crypto Trading Scam : क्रिप्टो मुनाफे का जाल: 6% रिटर्न के वादे में 76 निवेशकों से 3 करोड़ से ज्यादा की ठगी, आरोपी गिरफ्तार

Newsdesk Admin 30/06/2025
Share this Article
Facebook Twitter Whatsapp Whatsapp Telegram

ताजा खबरें

Jal Jeevan Mission Transfers : पीएचई विभाग में बड़े पैमाने पर तबादले, 34 वरिष्ठ अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी

सीजी भास्कर, 11 जनवरी। राज्य शासन ने जल…

Oil Palm Farming Subsidy : ऑयल पाम खेती को प्रोत्साहन, अतिरिक्त अनुदान से किसानों की आय बढ़ाने की पहल

सीजी भास्कर, 11 जनवरी। खाद्य तेलों में आत्मनिर्भरता…

CM Vishnu Deo Sai : कर्मचारियों की निष्ठा से ही धरातल पर उतरती हैं सरकारी नीतियां : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

सीजी भास्कर, 11 जनवरी। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय…

PM Modi in Gujarat: सोमनाथ स्वाभिमान पर्व में बोले प्रधानमंत्री, इतिहास में दफन हो गए गजनी-औरंगजेब

सीजी भास्कर, 11 जनवरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तीन…

Aadhaar Update : रविवार को भी खुले रहेंगे डाकघर, तीन जिलों में मिलेगी आधार सेवाओं की सुविधा

सीजी भास्कर, 11 जनवरी। आम नागरिकों को आधार…

You Might Also Like

छत्तीसगढ़

Jal Jeevan Mission Transfers : पीएचई विभाग में बड़े पैमाने पर तबादले, 34 वरिष्ठ अधिकारियों की बदली जिम्मेदारी

11/01/2026
छत्तीसगढ़

Oil Palm Farming Subsidy : ऑयल पाम खेती को प्रोत्साहन, अतिरिक्त अनुदान से किसानों की आय बढ़ाने की पहल

11/01/2026
छत्तीसगढ़

CM Vishnu Deo Sai : कर्मचारियों की निष्ठा से ही धरातल पर उतरती हैं सरकारी नीतियां : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

11/01/2026
छत्तीसगढ़

Aadhaar Update : रविवार को भी खुले रहेंगे डाकघर, तीन जिलों में मिलेगी आधार सेवाओं की सुविधा

11/01/2026
छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
क्विक लिंक्स
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य

हमारे बारे में

मुख्य संपादक : डी. सोनी

संपर्क नंबर : +91 8839209556

ईमेल आईडी : cgbhaskar28@gmail.com

© Copyright CGbhaskar 2025 | All Rights Reserved | Made in India by MediaFlix

Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?