सीजी भास्कर, 20 अप्रैल : अमेरिका और ईरान के बीच तनाव (Iran-America Tension) फिर बढ़ता दिख रहा है। एक जहाज को लेकर हुए विवाद ने दोनों देशों के रिश्तों में खटास पैदा कर दी है। इस मामले में पाकिस्तान भी चर्चा में आ गया है क्योंकि ईरान ने इस मुद्दे पर पाकिस्तान से बात की है। ईरान ने अमेरिका की कार्रवाई पर नाराजगी जताई है और इसे गलत बताया है। वहीं दूसरी तरफ, बातचीत की तैयारी भी चल रही थी, लेकिन अब यह साफ नहीं है कि ईरान इस वार्ता में शामिल होगा या नहीं।
जहाज को लेकर क्या हुआ
अमेरिका ने ईरान के झंडे वाले एक जहाज को रोककर अपने कब्जे में ले लिया था। जानकारी के अनुसार, जहाज को कई बार चेतावनी दी गई थी लेकिन उसने बात नहीं मानी। इसके बाद अमेरिकी सेना ने कार्रवाई की और जहाज के इंजन को बंद कर दिया। अब यह जहाज अमेरिका के नियंत्रण में है। इस घटना (Iran-America Tension) ने दोनों देशों के बीच तनाव को और बढ़ा दिया है।
ईरान और पाकिस्तान की बातचीत
ईरान के राष्ट्रपति Masoud Pezeshkian ने पाकिस्तान के प्रधानमंत्री Shehbaz Sharif से फोन पर बात की। उन्होंने कहा कि अमेरिका का रवैया ठीक नहीं है। ईरान का मानना है कि इस तरह की कार्रवाई से भरोसा कम होता है और बातचीत पर असर पड़ सकता है।
होर्मुज जलमार्ग पर असर
अमेरिका ने 13 अप्रैल से होर्मुज जलमार्ग (Iran-America Tension) के आसपास सख्ती बढ़ा दी है। यह रास्ता दुनिया के बहुत बड़े हिस्से में तेल सप्लाई के लिए जरूरी है। अमेरिका का कहना है कि दूसरे देशों के जहाज यहां से जा सकते हैं, लेकिन कुछ नियम मानने होंगे। इस कदम से इलाके में तनाव और बढ़ सकता है और वैश्विक स्तर पर चिंता बढ़ी है ।


