सीजी भास्कर, 3 मई । आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) को लेकर बढ़ते डर और अतिशयोक्ति भरे दावों के बीच Jensen Huang ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा कि AI के असर को लेकर अनावश्यक और डर फैलाने वाले बयान देने से बचना चाहिए और केवल तथ्यों पर आधारित चर्चा होनी चाहिए। (Spreading fear about AI is wrong)
AI पर बढ़ती बयानबाजी पर चिंता : Spreading fear about AI is wrong
हुआंग के मुताबिक, टेक इंडस्ट्री में AI को लेकर जरूरत से ज्यादा बढ़ा-चढ़ाकर बातें कही जा रही हैं। कई बड़े अधिकारी यह दावा कर रहे हैं कि AI आने वाले समय में बड़ी संख्या में नौकरियां खत्म कर देगा, जबकि इन दावों के पीछे ठोस आधार नहीं है। उन्होंने कहा कि इस तरह की बातें समाज में गलत धारणा पैदा करती हैं।सबहेड: बड़े दावों पर उठाए सवालउन्होंने Dario Amodei के उस बयान पर भी प्रतिक्रिया दी, जिसमें एंट्री लेवल व्हाइट कॉलर नौकरियों के खत्म होने की आशंका जताई गई थी। हुआंग ने कहा कि कई बार सीईओ अपने प्रभाव के चलते भविष्य को लेकर जरूरत से ज्यादा आत्मविश्वास में आ जाते हैं, जिससे उनके बयान वास्तविकता से दूर हो जाते हैं।
AI से मानवता को खतरे की बात खारिज
हुआंग ने उन दावों को भी खारिज किया, जिनमें AI को मानवता के लिए खतरा बताया जाता है। उनका मानना है कि इस तरह की बातें लोगों में अनावश्यक डर पैदा करती हैं और वास्तविकता से मेल नहीं खातीं।सबहेड: संतुलित सोच की जरूरतउन्होंने जोर देकर कहा कि AI का भविष्य अभी पूरी तरह स्पष्ट नहीं है और यह लगातार विकसित हो रहा है। ऐसे में टेक इंडस्ट्री की जिम्मेदारी है कि वह लोगों को संतुलित और सही जानकारी दे।हुआंग के अनुसार, AI के फायदे और चुनौतियों दोनों पर खुलकर बात होनी चाहिए, लेकिन अतिशयोक्ति से बचना जरूरी है। डर और जरूरत से ज्यादा उम्मीद—दोनों ही गलत दिशा में ले जा सकते हैं। (Spreading fear about AI is wrong)


