सीजी भास्कर, 8 मई। कबीरधाम जिले में शुक्रवार सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसे के बाद पूरे इलाके में मातम फैल गया। सड़क पर चीख पुकार और अफरा तफरी का माहौल (Road Accident) बन गया जब एक तेज रफ्तार ट्रक ने बाइक सवार दंपती को अपनी चपेट में ले लिया। हादसे के बाद आसपास मौजूद लोग दौड़कर मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। सड़क किनारे खड़े लोगों की आंखों के सामने पूरा परिवार पलभर में बिखर गया।
घटना के बाद इलाके में भारी गुस्सा देखने को मिला। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क निर्माण में लापरवाही की वजह से आए दिन हादसे हो रहे हैं। हादसे में घायल छोटा बच्चा खून से लथपथ हालत में सड़क किनारे मिला, जिसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। पूरे गांव में इस घटना के बाद शोक और नाराजगी दोनों का माहौल बना हुआ है।
ट्रक की चपेट में आने से दंपती की मौत Road Accident
जानकारी के मुताबिक मृतकों की पहचान कृष्णा आढिले और उनकी पत्नी कीर्ति आढिले के रूप में हुई है। दोनों सारंगढ़ के रहने वाले बताए जा रहे हैं। बताया गया कि शुक्रवार सुबह दोनों अपने 4 साल के बेटे के साथ बाइक से कोलेगांव जा रहे थे। इसी दौरान कुण्डा थाना क्षेत्र में सामने से आ रहे ट्रक को पार करते समय बाइक अनियंत्रित होकर फिसल गई।
गीली मिट्टी बनी हादसे की वजह (Road Accident)
स्थानीय लोगों के मुताबिक सड़क किनारे गीली मिट्टी होने के कारण बाइक फिसल गई। बाइक गिरते ही पति पत्नी ट्रक के पहिए के नीचे आ गए और मौके पर ही दोनों की मौत हो गई। वहीं उनका मासूम बेटा दूर जा गिरा, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया। बच्चे को इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
ट्रक छोड़कर भागा चालक
हादसे की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। हालांकि तब तक ट्रक चालक वाहन छोड़कर फरार हो चुका था। पुलिस ने ट्रक को जब्त कर लिया है और चालक की तलाश शुरू कर दी गई है। मृत दंपती के शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।
ग्रामीणों ने किया चक्काजाम
घटना के बाद नाराज ग्रामीणों ने सड़क जाम कर प्रदर्शन शुरू कर दिया। लोगों ने सड़क निर्माण में लापरवाही का आरोप लगाते हुए ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई (Road Accident) की मांग की। ग्रामीणों का कहना है कि सड़क किनारे मुरुम की जगह मिट्टी डाली गई थी, जो बारिश में कीचड़ बन गई। इसी वजह से वाहन फिसल रहे हैं और लगातार हादसे हो रहे हैं।
ठेकेदार को बुलाने की मांग पर अड़े ग्रामीण
मौके पर पहुंचे पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने लोगों को समझाने की कोशिश की, लेकिन ग्रामीण ठेकेदार को मौके पर बुलाने की मांग पर डटे रहे। इलाके में स्थिति को देखते हुए अतिरिक्त पुलिस बल भी तैनात किया गया है।


