सीजी भास्कर, 10 मई । भीषण गर्मी और लगातार गिरते जलस्तर को देखते हुए जिला प्रशासन ने 1 अप्रैल से 15 जुलाई तक बोर उत्खनन पर प्रतिबंध लगाया है। इसके बावजूद जिले में खुलेआम बोर उत्खनन जारी है। हालात यह हैं कि रोजाना 10 से 12 बोर खोदे जा रहे हैं और वाहन मालिक प्रतिबंध आदेश की आड़ में मोटी कमाई कर रहे हैं। (Bore mafia fearless in Sakti)
हर फुट पर बढ़ा चार्ज, अधिकारियों-नेताओं के नाम पर वसूली का आरोप : Bore mafia fearless in Sakti
जानकारी के अनुसार, बोर उत्खनन करने वाले वाहन मालिक अब प्रति फुट 10 से 20 रुपए तक अतिरिक्त वसूली कर रहे हैं। चर्चा है कि हर बोर से 8 से 10 हजार रुपए अधिकारियों और नेताओं के नाम पर लिए जा रहे हैं। यही वजह मानी जा रही है कि अवैध उत्खनन पर सख्त कार्रवाई नहीं हो पा रही है।
रोज लाखों की कमाई, कार्रवाई के नाम पर सिर्फ चेतावनी
सूत्रों के मुताबिक, प्रतिबंध के बावजूद चल रहे इस अवैध कारोबार से वाहन मालिक रोजाना लाखों रुपए की अतिरिक्त कमाई कर रहे हैं। प्रशासनिक आदेश के बावजूद खुलेआम मशीनें चल रही हैं, जिससे नियमों की प्रभावशीलता पर सवाल खड़े हो रहे हैं। (Bore mafia fearless in Sakti)
कलेक्टर ने जताई नाराजगी, दी सख्त कार्रवाई की चेतावनी
मामले को लेकर कलेक्टर अमृत विकास तोपनो ने नाराजगी जाहिर करते हुए अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने साफ कहा कि कहीं भी अवैध बोर उत्खनन पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही वाहन मालिकों को चेतावनी दी गई है कि अवैध उत्खनन करते पकड़े जाने पर वाहन जब्त कर सीधे कानूनी कार्रवाई की जाएगी।


