सीजी भास्कर, 16 जून : मुख्यमंत्री (Good Governance Tihar) विष्णु देव साय के नेतृत्व में आयोजित सुशासन तिहार आम नागरिकों की समस्याओं और मांगों के त्वरित समाधान का प्रभावी माध्यम बनकर उभरा है। इसी क्रम में सरगुजा जिले के ग्रामीणों की मांगों पर मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणाओं को प्रशासन ने शीघ्र स्वीकृति प्रदान करते हुए अमल में लाना शुरू कर दिया है।
सुशासन तिहार में की गई घोषणाओं को मिली मंजूरी
उल्लेखनीय है कि 3 मई 2026 को मुख्यमंत्री विष्णु देव साय सुशासन तिहार के तहत सरगुजा जिले के बतौली विकासखंड स्थित ग्राम पंचायत सिलमा के शांतिपारा पहुंचे थे। जन चौपाल में ग्रामीणों से सीधे संवाद करते हुए उन्होंने क्षेत्र की विभिन्न आवश्यकताओं और विकास कार्यों से जुड़ी मांगों पर घोषणाएं की थीं। मुख्यमंत्री की घोषणाओं के अनुरूप जिला प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए विभिन्न निर्माण कार्यों को स्वीकृति प्रदान कर दी है।
पंचायत भवन, पीडीएस भवन और मुक्तिधाम निर्माण को मंजूरी
ग्राम सिलमा में जिला खनिज न्यास निधि और मनरेगा के अभिसरण से 18.30 लाख रुपए की लागत से नवीन पंचायत भवन निर्माण को मंजूरी दी गई है। इसके अलावा जिला खनिज न्यास निधि से 2.50 लाख रुपए की लागत से मुक्तिधाम तथा मनरेगा मद से 11.63 लाख रुपए की लागत से नवीन पीडीएस भवन निर्माण को भी स्वीकृति प्रदान की गई है। इसी प्रकार ग्राम कुनकुरीकला में जिला खनिज न्यास निधि और मनरेगा के अभिसरण से 18.30 लाख रुपए की लागत से नवीन पंचायत भवन निर्माण की मंजूरी दी गई है।
ग्रामीणों ने जताया मुख्यमंत्री का आभार
ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की घोषणाओं पर त्वरित अमल के लिए प्रसन्नता व्यक्त करते हुए उनका आभार जताया है। ग्रामीणों का कहना है कि सुशासन तिहार के माध्यम से शासन और प्रशासन सीधे जनता तक पहुंचकर न केवल समस्याएं सुन रहा है, बल्कि उनके समाधान के लिए समयबद्ध कार्रवाई भी सुनिश्चित कर रहा है।
जमीनी स्तर पर साकार हो रही सुशासन की अवधारणा
राज्य शासन (Good Governance Tihar) की मंशा के अनुरूप जिला प्रशासन द्वारा सुशासन तिहार के दौरान प्राप्त मांगों और जनसमस्याओं के निराकरण के लिए लगातार प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। इससे विकास कार्यों का लाभ समय पर आमजन तक पहुंच रहा है और सुशासन की अवधारणा जमीनी स्तर पर साकार होती दिखाई दे रही है ।





