सीजी भास्कर 14 दिसम्बर, Bareilly Elder Abuse Case : उत्तर प्रदेश के बरेली जिले के इज्जतनगर थाना क्षेत्र के रहपुरा चौधरी गांव से इंसानियत को झकझोर देने वाला मामला सामने आया है। यहां 70 वर्षीय बुजुर्ग मुकद्दर को उनके ही बेटे और बहू ने जमीन अपने नाम कराने के दबाव में अमानवीय यातनाओं का शिकार बनाया।
छह महीने तक चला जुल्म का दौर
पीड़ित मुकद्दर के मुताबिक वह बीते छह महीनों से अपने बड़े बेटे शाकिर बेग के घर रह रहे थे। इसी दौरान शाकिर, उसकी पत्नी रिहाना और परिवार के अन्य सदस्य लगातार उनसे जमीन लिखवाने का दबाव बनाते रहे। इनकार करने पर उन्हें खाना तक नहीं दिया जाता था।
भूख लगी तो कुत्ते की बची रोटी
बुजुर्ग का आरोप है कि कई बार उन्हें रस्सी से बांधकर कुत्ते के पास बैठा दिया गया। जब भूख लगती तो कुत्ते की झूठी रोटी खाने को मजबूर किया जाता। विरोध करने पर डंडों से पिटाई की जाती और अपमानित किया जाता रहा।
पत्नी की मौत का पुराना जख्म
मुकद्दर ने पुलिस अधिकारियों को बताया कि शाकिर पहले भी हिंसक रहा है। करीब छह साल पहले उसने उनकी पत्नी हमीदन के साथ बेरहमी से मारपीट की थी। सीने पर लात लगने से उनकी तबीयत बिगड़ी और इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।
घर में घुसकर गला दबाने की कोशिश
पीड़ित के अनुसार, 8 दिसंबर को शाकिर अपनी पत्नी रिहाना, बेटी लाइबा और बेटों के साथ उस घर में घुस आया, जहां मुकद्दर अपने छोटे बेटे शारिक के साथ रह रहे थे। आरोप है कि शाकिर ने बुजुर्ग के गले पर पैर रखकर जान से मारने की कोशिश की।
बचाने आए बेटे को भी पीटा
जब छोटे बेटे शारिक ने पिता को बचाने की कोशिश की तो उसे भी बेरहमी से पीटा गया। जाते-जाते धमकी दी गई कि अगर जमीन नाम नहीं की गई, तो पूरे परिवार को झूठे मुकदमों में फंसा दिया जाएगा।
डर के साए में बुजुर्ग, SSP से गुहार
लगातार मिल रही धमकियों और हिंसा से डरकर मुकद्दर अपने पांच बेटों के साथ एसएसपी कार्यालय पहुंचे। उन्होंने पुलिस से सुरक्षा की मांग की और साफ कहा कि अगर उनके साथ कुछ भी होता है तो इसके जिम्मेदार शाकिर बेग और उसका परिवार होगा।
पुलिस जांच में जुटी, कार्रवाई की तैयारी
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए पुलिस अधिकारियों ने मामले की जांच इज्जतनगर थाना पुलिस को सौंप दी है। पुलिस का कहना है कि सभी आरोपों की जांच की जा रही है और तथ्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।





