सीजी भास्कर, 25 दिसंबर। धान खरीदी कार्य में लापरवाही को गंभीरता से लेते हुए बलरामपुर जिला प्रशासन (Paddy Procurement Chhattisgarh) ने कड़ा रुख अपनाया है। कलेक्टर ने धान खरीदी वर्ष 2025–26 के दौरान कर्तव्यों के निर्वहन में गंभीर अनियमितता पाए जाने पर दो पटवारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है।

यह कार्रवाई तहसील रामचंद्रपुर में पदस्थ पटवारी बंधन राम और तहसील रामानुजगंज में पदस्थ पटवारी विजय यादव के खिलाफ की गई है। प्रशासनिक जांच में दोनों के कार्यों को धान खरीदी जैसी महत्वपूर्ण व्यवस्था के लिए प्रतिकूल पाया गया, जिसके बाद निलंबन की कार्रवाई अमल में लाई गई।
नियमों के उल्लंघन पर हुई कार्रवाई
जारी आदेश के अनुसार, दोनों पटवारियों द्वारा बरती गई लापरवाही छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के प्रावधानों (Paddy Procurement Chhattisgarh) के विरुद्ध पाई गई। मामले की गंभीरता को देखते हुए छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के तहत यह दंडात्मक कार्रवाई की गई है।
निलंबन अवधि में मुख्यालय तय
निलंबन अवधि के दौरान पटवारी बंधन राम का मुख्यालय तहसील कार्यालय कुसमी तथा पटवारी विजय यादव का मुख्यालय तहसील कार्यालय शंकरगढ़ निर्धारित किया गया है। आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि निलंबन अवधि में दोनों को नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा।
प्रशासन का साफ संदेश
जिला प्रशासन ने स्पष्ट शब्दों में कहा है कि धान खरीदी जैसे संवेदनशील और जनहित से जुड़े कार्य में किसी भी स्तर की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। किसानों से जुड़ी इस महत्वपूर्ण व्यवस्था में पारदर्शिता और जिम्मेदारी सर्वोपरि है।
भविष्य में भी यदि इस तरह की लापरवाही सामने आती है, तो संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई (Paddy Procurement Chhattisgarh) जारी रहेगी। प्रशासन के इस कदम को धान खरीदी व्यवस्था को सुचारु, पारदर्शी और भरोसेमंद बनाने की दिशा में अहम माना जा रहा है।


