सीजी भास्कर 25 दिसंबर दुर्ग लोकसभा क्षेत्र में आयोजित Sansad Khel Mahotsav 2025 अपने अंतिम पड़ाव पर पहुंच गया है। चौथे चरण के तहत पाटन, अहिवारा, भिलाई नगर, वैशाली नगर, दुर्ग ग्रामीण, दुर्ग शहर, नवागढ़, साजा और बेमेतरा विधानसभा से चयनित खिलाड़ी आज रविशंकर स्टेडियम में एकत्र हुए हैं, जहां इस बहुप्रतीक्षित आयोजन का समापन किया जाएगा।
चार लाख से ज्यादा खिलाड़ियों की भागीदारी ने रचा नया रिकॉर्ड
इस खेल महोत्सव की सबसे बड़ी खासियत इसका विशाल जनसहभागिता स्तर रहा। आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, Sansad Khel Mahotsav 2025 में कुल 4 लाख 98 हजार से अधिक युवाओं ने पंजीयन कराया। चौथे और अंतिम चरण में 1569 खिलाड़ी मैदान में उतरे, जिनमें अलग-अलग आयु वर्ग और खेल विधाओं के प्रतिभागी शामिल रहे।
तीन चरणों के बाद फाइनल मुकाबलों का रोमांच
प्रतियोगिता पहले विधानसभा स्तर पर तीन चरणों में आयोजित की गई थी। इसके बाद सभी विधानसभा के विजेता खिलाड़ी अंतिम चरण में आमने-सामने आए। 9 से 15 वर्ष, 16 से 30 वर्ष और 30 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में महिला व पुरुष वर्गों के लिए मुकाबले रखे गए, जिससे हर वर्ग को समान मंच मिला।
खो-खो और वालीबॉल में विधानसभा स्तर पर दबदबा
खो-खो स्पर्धा में 9 से 15 वर्ष बालक व बालिका वर्ग में पाटन विधानसभा की टीम ने शानदार प्रदर्शन किया। वहीं 15 से 30 वर्ष और 30 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में दुर्ग ग्रामीण की टीम विजेता बनी। वालीबॉल में 9 से 15 वर्ष वर्ग के पुरुष और महिला दोनों वर्गों में भिलाई नगर की टीम शीर्ष पर रही, जबकि अन्य आयु वर्गों में वैशाली नगर और बेमेतरा ने बाज़ी मारी।
आज समापन समारोह में PM मोदी का वर्चुअल संवाद
आज दुर्ग स्थित रविशंकर स्टेडियम में आयोजित समापन कार्यक्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ऑनलाइन माध्यम से खिलाड़ियों से सीधे संवाद करेंगे। आयोजकों के अनुसार, यह संवाद युवाओं के मनोबल और खेल भावना को नई दिशा देने वाला होगा। इसी अवसर पर एक भव्य रैली और पुरस्कार वितरण कार्यक्रम भी प्रस्तावित है।
राष्ट्रीय मंच की ओर बढ़ते स्थानीय खिलाड़ी
लोकसभा स्तर पर विजेता रहे खिलाड़ियों को आगे राष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिलेगा। Sansad Khel Mahotsav 2025 को स्थानीय प्रतिभाओं के लिए एक मजबूत सेतु के रूप में देखा जा रहा है, जिसने गांव-कस्बों के युवाओं को बड़े मंच तक पहुंचने का रास्ता दिखाया है।
कई खेल, एक मंच, एक पहचान
दुर्ग शहर के रविशंकर स्टेडियम और महात्मा गांधी स्कूल परिसर में आयोजित प्रतियोगिताओं में 100 व 400 मीटर दौड़, गेड़ी, कुश्ती, वेटलिफ्टिंग, कुर्सी दौड़, कबड्डी, खो-खो और वालीबॉल जैसे खेल शामिल रहे। विविध खेलों की मौजूदगी ने इस आयोजन को सिर्फ प्रतियोगिता नहीं, बल्कि उत्सव का रूप दे दिया।





