सीजी भास्कर, 18 जनवरी। रायपुर साहित्य उत्सव (Raipur Sahitya Utsav Free Bus Service) के दौरान आम नागरिकों, साहित्य प्रेमियों, विद्यार्थियों एवं युवाओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए शहर में निःशुल्क बस सेवा संचालित की जाएगी। इस पहल का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि परिवहन की असुविधा के कारण कोई भी व्यक्ति इस महत्वपूर्ण साहित्यिक आयोजन में भाग लेने से वंचित न रह जाए। निःशुल्क बस सेवा से नागरिकों को उत्सव स्थल तक सुगम, सुरक्षित और सुविधाजनक आवागमन उपलब्ध होगा।
यह निःशुल्क बस सेवा (Raipur Sahitya Utsav Free Bus Service) 23, 24 और 25 जनवरी 2026—तीन दिनों तक लगातार संचालित की जाएगी। इन तीनों दिनों में बसों का संचालन पूरी तरह निःशुल्क रहेगा, जिससे आमजन बिना किसी अतिरिक्त खर्च के रायपुर साहित्य उत्सव में शामिल हो सकेंगे। यह सुविधा विशेष रूप से विद्यार्थियों, वरिष्ठ नागरिकों और साहित्य प्रेमियों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगी।
प्रशासन से प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस निःशुल्क सेवा (Raipur Sahitya Utsav Free Bus Service) के अंतर्गत लगभग 15 बसें संचालित की जाएंगी। ये बसें उत्सव स्थल तक आवागमन दोनों दिशाओं में चलाई जाएंगी, ताकि कार्यक्रम समाप्ति के बाद भी लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो। भीड़ के समय सुचारु संचालन सुनिश्चित करने के लिए बसों की संख्या और समय-सारणी को विशेष रूप से व्यवस्थित किया गया है।
शहर के अधिकतम क्षेत्रों को इस सुविधा से जोड़ने के उद्देश्य से बस संचालन के लिए कुल 6 प्रमुख रूट निर्धारित किए गए हैं। इन रूट्स के माध्यम से रायपुर के विभिन्न हिस्सों से लोग पुरखौती मुक्तांगन, नवा रायपुर स्थित रायपुर साहित्य उत्सव स्थल तक आसानी से पहुंच सकेंगे। निःशुल्क बस सेवा के अंतर्गत संचालित होने वाली सभी बसों पर रायपुर साहित्य उत्सव की विशेष ब्रांडिंग की जाएगी, जिससे पूरे शहर में उत्सव का वातावरण और पहचान सशक्त रूप से स्थापित हो सके।
बसों की विस्तृत समय-सारणी शीघ्र जारी की जाएगी, जिसे विभिन्न माध्यमों से सार्वजनिक किया जाएगा, ताकि नागरिक अपनी सुविधा के अनुसार यात्रा की योजना बना सकें। प्रशासन द्वारा यह भी सुनिश्चित किया जाएगा कि बस सेवा समयबद्ध, सुरक्षित और सुव्यवस्थित रूप से संचालित हो।
उल्लेखनीय है कि रायपुर साहित्य उत्सव छत्तीसगढ़ की समृद्ध साहित्यिक एवं सांस्कृतिक परंपरा को राष्ट्रीय स्तर पर स्थापित करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। निःशुल्क बस सेवा की यह व्यवस्था अधिकाधिक नागरिकों, विद्यार्थियों और साहित्य प्रेमियों की सहभागिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई है, ताकि परिवहन की किसी भी बाधा के बिना समाज के हर वर्ग की सक्रिय भागीदारी इस साहित्यिक महोत्सव में हो सके।




