सीजी भास्कर 19 जनवरी Toxic Smoke in Bilaspur : बिलासपुर शहर में स्वच्छता व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में है। जगह-जगह जमा कचरे ने न केवल शहर की तस्वीर बिगाड़ी है, बल्कि लोगों की सेहत पर भी खतरा बनता जा रहा है। रविवार दोपहर को व्यापार विहार इलाके में डंप कचरे में आग लगने से (Toxic Smoke in Bilaspur) का हालात बन गए, जिससे आसपास के लोग सहम गए।
अचानक उठे धुएं से मची अफरा-तफरी
दोपहर के वक्त व्यापार विहार स्थित त्रिवेणी भवन के पास खाली जमीन पर रखे कचरे से अचानक काला और तीखा धुआं उठने लगा। कुछ ही देर में यह धुआं शहर के कई हिस्सों और आसपास के ग्रामीण इलाकों से भी दिखाई देने लगा। लोगों को आशंका हुई कि कहीं किसी दुकान या गोदाम में आग न लग गई हो, जिससे घबराहट का माहौल बन गया।
कचरे में जले पॉलिथीन और केमिकल पदार्थ
मौके पर पहुंचने पर सामने आया कि आग किसी व्यावसायिक प्रतिष्ठान में नहीं, बल्कि खुले में डंप कचरे में लगी थी। कचरे में बड़ी मात्रा में पॉलिथीन, प्लास्टिक और कुछ केमिकल युक्त पदार्थ मौजूद थे, जिनके जलने से (Garbage Fire Incident) जैसी गंभीर स्थिति बन गई। जहरीले धुएं से सांस लेने में तकलीफ की शिकायतें भी सामने आईं।
रिहायशी इलाके के पास आग, बढ़ा खतरा
जिस स्थान पर कचरे में आग लगाई गई, वहां आसपास लोगों का बसेरा है। रविवार होने के कारण व्यापार विहार की दुकानें बंद थीं, लेकिन रिहायशी इलाका नजदीक होने से बड़ी दुर्घटना की आशंका बनी रही। स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर समय रहते आग नहीं बुझती, तो हालात और बिगड़ सकते थे।
नगर निगम की कार्यप्रणाली पर नाराजगी
शहर में स्वच्छता अभियान के नाम पर हर साल करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। कचरा प्रबंधन की लापरवाही के चलते (Urban Waste Management Failure) जैसी स्थितियां बार-बार सामने आ रही हैं। इससे पहले सिरगिट्टी क्षेत्र के आवास पारा में भी इसी तरह डंप कचरे में आग लग चुकी है, लेकिन अब तक जिम्मेदारों की पहचान नहीं हो सकी है।
लोगों में डर और प्रशासन से कार्रवाई की मांग
घटना के बाद स्थानीय नागरिकों में नाराजगी और डर दोनों देखने को मिल रहा है। लोगों का कहना है कि अगर खुले में कचरा जलाने की घटनाओं पर रोक नहीं लगी, तो आने वाले समय में यह (Air Pollution Hazard) किसी बड़े हादसे का कारण बन सकता है। नागरिकों ने मांग की है कि दोषियों की पहचान कर सख्त कार्रवाई की जाए और कचरा प्रबंधन को गंभीरता से दुरुस्त किया जाए।




