सीजी भास्कर 20 जनवरी Chaitanya Baghel Bail Case : छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले से जुड़े प्रकरण में चैतन्य बघेल को मिली जमानत के खिलाफ अब EOW-ACB ने सुप्रीम कोर्ट का रुख किया है। एजेंसी ने हाईकोर्ट से मिली राहत को चुनौती देते हुए विस्तृत याचिका दायर की है, जिस पर सुनवाई की तारीख तय कर दी गई है।
28 जनवरी को तय है अहम सुनवाई
सुप्रीम कोर्ट में इस याचिका पर 28 जनवरी को सुनवाई होगी। एजेंसी का तर्क है कि मामले की प्रकृति, कथित आर्थिक लेन-देन और जांच की दिशा को देखते हुए जमानत पर पुनर्विचार जरूरी है। अदालत में होने वाली बहस से आगे की कानूनी राह तय होने की उम्मीद है।
छह महीने बाद जेल से मिली थी रिहाई
चैतन्य बघेल को 3 जनवरी को लगभग छह महीने बाद जेल से रिहाई मिली थी। इससे पहले उन्हें 18 जुलाई को गिरफ्तार किया गया था और वे रायपुर सेंट्रल जेल में निरुद्ध थे। बिलासपुर हाईकोर्ट से जमानत मिलने के बाद उनकी रिहाई संभव हो पाई थी।
जांच एजेंसियों के आरोप क्या कहते हैं
जांच एजेंसियों के अनुसार, शराब घोटाले से जुड़े कथित लाभ को कंपनियों में निवेश किए जाने की बात सामने आई है। आरोपों में बड़े पैमाने पर आर्थिक लाभ का जिक्र किया गया है। इसी संदर्भ में EOW और अन्य एजेंसियां समानांतर जांच कर रही हैं, जिससे मामला और संवेदनशील बन गया है।
अब सबकी निगाहें 28 जनवरी की सुनवाई पर टिकी हैं। सुप्रीम कोर्ट में दलीलों के आधार पर यह तय होगा कि जमानत पर यथास्थिति बनी रहेगी या शर्तों/राहत में बदलाव होगा। यह फैसला न सिर्फ मामले की दिशा तय करेगा, बल्कि जांच की रफ्तार पर भी असर डाल सकता है।




