छत्तीसगढ़–महाराष्ट्र सीमा से सटे अबूझमाड़ के घने जंगलों में सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ ने एक बार फिर क्षेत्र की संवेदनशीलता को सामने ला दिया है। Naxal Encounter Bastar में सुरक्षाबलों ने सात नक्सलियों को मार गिराया, जबकि इस कार्रवाई में महाराष्ट्र पुलिस का एक जवान शहीद हो गया।
सुबह-सुबह शुरू हुई भीषण गोलीबारी
जानकारी के अनुसार, 6 फरवरी की सुबह सर्च ऑपरेशन के दौरान दोनों ओर से अचानक फायरिंग शुरू हो गई। जंगल में फैले नक्सली दस्ते ने सुरक्षाबलों को घेरने की कोशिश की, लेकिन जवाबी कार्रवाई में हालात सुरक्षाबलों के नियंत्रण में रहे।
सी-60 कमांडो की सटीक कार्रवाई
महाराष्ट्र पुलिस की सी-60 कमांडो यूनिट ने Anti Naxal Operation के तहत पहले तीन और फिर चार नक्सलियों को ढेर किया। मारे गए नक्सलियों में चार पुरुष और तीन महिलाएं शामिल हैं, जो लंबे समय से सक्रिय बताए जा रहे हैं।
कांस्टेबल दीपक मदावी हुए शहीद
मुठभेड़ के दौरान नक्सलियों की गोलीबारी में कांस्टेबल दीपक चिन्ना मदावी गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें तत्काल एयरलिफ्ट कर अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उन्होंने दम तोड़ दिया। Martyr Police Jawaan के रूप में उनका बलिदान दर्ज किया गया।
गार्ड ऑफ ऑनर के साथ अंतिम विदाई
शहीद जवान को पूरे राजकीय सम्मान के साथ गार्ड ऑफ ऑनर दिया गया। अधिकारियों और साथियों की मौजूदगी में पार्थिव शरीर गृहग्राम के लिए रवाना किया गया, जहां अंतिम संस्कार किया जाएगा।
एक जवान घायल, हालत स्थिर
मुठभेड़ में घायल जवान जोगा मदावी का इलाज जारी है। अधिकारियों के अनुसार उनकी स्थिति स्थिर है और वे खतरे से बाहर हैं। सुरक्षा बलों की सतर्कता से बड़ी जनहानि टल सकी।
हथियारों का जखीरा बरामद
मुठभेड़ स्थल से एक AK-47, एक SLR राइफल और अन्य हथियार बरामद किए गए हैं। मारे गए नक्सलियों की पहचान की प्रक्रिया जारी है और उनके संगठनात्मक कनेक्शन खंगाले जा रहे हैं।
इलाके में सर्च अभियान जारी
सुरक्षा एजेंसियों ने पूरे क्षेत्र को घेरकर सघन तलाशी अभियान शुरू कर दिया है, ताकि किसी अन्य नक्सली की मौजूदगी या छिपे ठिकानों का पता लगाया जा सके। इलाके में अतिरिक्त बल तैनात किया गया है।
हालिया अभियानों की कड़ी में एक और कार्रवाई
एक दिन पहले बीजापुर में नक्सली कमांडर उधम सिंह को ढेर किया गया था, जो 2021 के बड़े हमले में शामिल था। जनवरी 2024 से अब तक Naxal Encounter Bastar और आसपास के क्षेत्रों में सैकड़ों नक्सलियों पर कार्रवाई हो चुकी है—कई मारे गए, कई गिरफ्तार हुए और अनेक ने आत्मसमर्पण किया।
शीर्ष नेतृत्व पर दबाव बढ़ा
पुलिस और सुरक्षा एजेंसियों का कहना है कि नक्सल नेटवर्क के शीर्ष नेताओं की तलाश तेज कर दी गई है। आने वाले समय में Anti Naxal Operation को और सख्ती से आगे बढ़ाया जाएगा।




