गौरेला क्षेत्र में School Inspection Gourela के तहत जिला शिक्षा अधिकारी रजनीश तिवारी द्वारा किए गए औचक निरीक्षण ने शिक्षा व्यवस्था की वास्तविक स्थिति सामने ला दी। निरीक्षण के दौरान कई शासकीय स्कूलों में छात्रों की कम उपस्थिति और कमजोर शैक्षणिक प्रदर्शन पाया गया, जिसे गंभीर लापरवाही माना गया।
कम उपस्थिति और नतीजों पर सख्त नाराज़गी
निरीक्षण के दौरान जब यह सामने आया कि कई कक्षाओं में छात्रों की संख्या अपेक्षा से काफी कम है और परीक्षा परिणाम भी संतोषजनक नहीं हैं, तो जिला शिक्षा अधिकारी ने संबंधित शिक्षकों को कड़ी फटकार लगाई। इस लापरवाही को देखते हुए दो शिक्षकों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए।
‘परीक्षा पे चर्चा’ में छात्रों से सीधा संवाद
निरीक्षण अभियान के दौरान जिला शिक्षा अधिकारी मां कल्याणिका स्कूल पहुंचे, जहां वे ‘परीक्षा पे चर्चा’ कार्यक्रम में शामिल हुए। यहां उन्होंने विद्यार्थियों से खुलकर बातचीत की और परीक्षा के तनाव को दूर करने, नियमित पढ़ाई करने तथा आत्मविश्वास बनाए रखने पर जोर दिया। इस पहल को School Inspection Gourela अभियान का सकारात्मक पहलू माना जा रहा है।
खोडरी स्कूल में पढ़ाई की कमजोर कड़ी
शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खोडरी के निरीक्षण में छात्रों की उपस्थिति बेहद कम पाई गई। इसके साथ ही गणित, अंग्रेजी और विज्ञान विषयों में प्री-बोर्ड और अर्धवार्षिक परीक्षाओं के कमजोर परिणामों को लेकर विषय शिक्षकों से स्पष्टीकरण मांगा गया।
प्राथमिक और माध्यमिक स्तर पर भी लापरवाही
प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय बढ़ावनडांड में भी छात्रों की नियमित उपस्थिति संतोषजनक नहीं पाई गई। इस पर जिला शिक्षा अधिकारी ने संबंधित शिक्षकों को चेतावनी देते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि बच्चों की उपस्थिति सुनिश्चित करना उनकी जिम्मेदारी है।
विद्यार्थियों को अनुशासन और नियमितता का संदेश
हाई स्कूल सधवानी के निरीक्षण के दौरान जिला शिक्षा अधिकारी ने छात्रों से सीधे संवाद किया। उन्होंने बच्चों से नियमित स्कूल आने, मन लगाकर पढ़ाई करने और अनुशासन बनाए रखने की अपील की। साथ ही शिक्षकों को छात्रों पर विशेष ध्यान देने और बेहतर परीक्षा परिणाम लाने के निर्देश दिए गए।
लापरवाही पर आगे भी होगी कार्रवाई
जिला शिक्षा अधिकारी ने दो टूक शब्दों में कहा कि छात्रों का भविष्य और शिक्षा की गुणवत्ता उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। School Inspection Gourela के दौरान दिए गए निर्देशों का पालन न करने वालों पर आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी और किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।




