सीजी भास्कर 13 फ़रवरी। बोर्ड परीक्षाओं के दौरान छात्रों को शांत माहौल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से शहर में ध्वनि प्रदूषण के खिलाफ सख्त कार्रवाई शुरू (Noise Pollution Action Bilaspur) कर दी गई है। हाईकोर्ट की नाराजगी को गंभीरता से लेते हुए बिलासपुर पुलिस ने एसएसपी के निर्देश पर विशेष अभियान चलाया है। इसके तहत रात 10 बजे के बाद डीजे संचालन को पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अभियान के दौरान शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में कार्रवाई करते हुए 12 से अधिक मॉडिफाइड डीजे वाहन जब्त किए गए हैं। इन वाहनों में क्षमता से कहीं अधिक तेज आवाज वाले स्पीकर लगाए गए थे, जो ध्वनि प्रदूषण के नियमों का खुला उल्लंघन कर रहे थे।
आरटीओ को भी जारी हुआ नोटिस
ध्वनि नियमों के पालन को लेकर पुलिस ने क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) को भी नोटिस जारी किया है। नोटिस में स्पष्ट किया गया है कि नियमों के विपरीत मॉडिफिकेशन (Noise Pollution Action Bilaspur) किए गए डीजे वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
परीक्षा अवधि में जीरो टॉलरेंस
पुलिस के अनुसार, छत्तीसगढ़ बोर्ड की
कक्षा 10वीं की परीक्षा: 21 फरवरी से 13 मार्च 2026
कक्षा 12वीं की परीक्षा: 20 फरवरी से 18 मार्च 2026
इस अवधि में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। विद्यार्थियों की पढ़ाई और मानसिक एकाग्रता प्रभावित न हो, इसके लिए शोर-शराबे पर पूरी तरह रोक रहेगी।
नियम तोड़े तो जब्ती के साथ केस भी
प्रशासन ने साफ कर दिया है कि रात 10 बजे के बाद डीजे बजाने, तय सीमा से अधिक ध्वनि करने या नियमों (Noise Pollution Action Bilaspur) की अनदेखी करने पर वाहन जब्ती के साथ कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी। पुलिस ने डीजे संचालकों और आयोजकों से अपील की है कि वे नियमों का पालन करें, अन्यथा आगे भी सख्त कदम उठाए जाएंगे।
बोर्ड परीक्षाओं के बीच यह अभियान छात्रों के लिए राहत भरा माना जा रहा है, वहीं प्रशासन ने संकेत दे दिए हैं कि ध्वनि प्रदूषण के मामलों में अब किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाएगी।




